छत्तीसगढ़ के पहले मुख्यमंत्री अजीत जोगी की मूर्ति हटाने के मामले में उनकी पुण्यतिथि के मौके पर उनकी पत्नी रेणु जोगी, पुत्र अमित जोगी और बहू ऋचा जोगी सहित हजारों जोगी समर्थकों ने पावर हाउस तिराहे में प्रदर्शन कर प्रशासन के खिलाफ नाराज़गी जताई। जोगी परिवार और समर्थकों की मांग है कि जिस स्थान पर अजीत जोगी की मूर्ति पहले स्थापित थी, वहीं पर उनकी मूर्ति को दोबारा स्थापित किया जाए। इसके लिए उन्होंने प्रशासन को एक महीने का अल्टीमेटम दिया है। इसके साथ ही रात में मूर्ति हटाने वाले आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए एक सप्ताह का अल्टीमेटम दिया है। मूर्ति हटाने को बताया जोगी के योगदानों का अपमान प्रदर्शन के दौरान जोगी समर्थकों ने मूर्ति हटाने की कार्रवाई को अजीत जोगी के योगदानों का अपमान बताया। जोगी परिवार ने कहा कि यह न केवल एक राजनीतिक शख्सियत के सम्मान के खिलाफ है, बल्कि प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री की याद को मिटाने की कोशिश है। पुण्यतिथि पर उमड़ा जनसैलाब गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में आयोजित कार्यक्रम में जोगी समर्थकों के अलावा अन्य दलों के नेता भी शामिल हुए। सभी ने अजीत जोगी को याद किया। एसडीएम को सौंपा गया ज्ञापन जोगी परिवार ने अपनी मांगों को लेकर एसडीएम ऋचा चंद्राकर को ज्ञापन सौंपा और कहा कि अगर मांगें पूरी नहीं हुईं तो आने वाले दिनों में उग्र आंदोलन किया जाएगा।


