समाज में सनातन काल से आज तक जो बुराइयां रहती हैं वह जागरूकता के साथ जन जागरण से ही दूर होती है। यह क्रम जारी रखना चाहिए, ब्राह्मण समाज का दायित्व है कि वह समाज को सही दिशा में नेतृत्व प्रदान करें और कुरिर्तियों को दूर करने में अग्रसर रहे।यह विचार अखिल भारतीय वैष्णव ब्राह्मण सेवा संघ के राष्ट्रीय अधिवेशन की शुरुआत में अतिथियों ने महावीर बाग में व्यक्त किया। कार्यक्रम संयोजक अखिल भारतीय वैष्णव ब्राह्मण सेवा संघ के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष पूर्व राज्य मंत्री दर्जा मध्य प्रदेश सरकार पं. योगेंद्र महंत ने बताया कि 28 और 29 दिसंबर को इंदौर में देश भर के 20 राज्यों से आए पदाधिकारियों का राष्ट्रीय अधिवेशन हुआ । करीब 200 से ज्यादा पदाधिकारी इस अधिवेशन में सहभागी रहे। देव दर्शन के क्रम में सबसे पहले बड़ा गणपति मंदिर, हंस दास मठ, रणजीत हनुमान मंदिर आदि देव दर्शन के बाद समाज की रीति नीतियों पर मंथन किया गया। अतिथियों का मोती की मालाओं के साथ आत्मीय स्वागत किया गया। 29 दिसंबर को तीन अलग-अलग सत्र में गौ सेवा सामाजिक एकजुट, विद्यार्थियों महिलाओं को निराश्रितों के लिए सेवा और रोजगार के अवसर में सहभागी बनाने, सिंहस्थ में उत्तर प्रदेश के प्रयागराज एवं उज्जैन बाबा महाकाल में सेवा कार्य आदि प्रस्ताव पर रविवार को चर्चा होकर पारित किया जाएगा। इसके बाद देशभर में सेवा का अभियान एकजुट के साथ अलग-अलग जिले संभाग और राज्यों में जारी रहेगा। अतिथियों का स्वागत राष्ट्रीय महासचिव ओपी बैरागी, धीरज वैष्णव, कृष्णा बैरागी, प्रशांत महंत, सुरेश पाठक, बंटी बैरागी, प्रकाश वैष्णव, अनंत महंत, लोकेंद्र बैरागी आदि ने किया। अखिल भारतीय वैष्णव ब्राह्मण सेवा संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा ने कहा कि सामाजिक एकता और एक जुटता के लिए लगातार प्रयास किए जाना जरूरी हे। समाज में जन जागरूकता से ही नए परिदृश्य का पटाक्षेप होगा। कार्यक्रम संयोजक, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष योगेंद्र महंत ने कहा कि यह अत्यंत ही गौरव का विषय है कि देश भर के 20 से ज्यादा राज्यों से अखिल भारतीय वैष्णव ब्राह्मण सेवा संघ के पदाधिकारियों का मां अहिल्या की नगरी इंदौर में आगमन हुआ है। यहां से नए संकल्प के साथ समाज और देश की सेवा में अग्रसर रहेंगे। पर्यावरण संरक्षण के साथ स्वस्थ जीवन और स्वस्थ समाज का संकल्प लेकर सेवा कार्यों को आगे बढ़ाया जाना चाहिए। ये प्रमुख पदाधिकारी अखिल भारतीय वैष्णव ब्राह्मण सेवा संघ नोएडा से यूके स्वामी, राजबाला स्वामी, गुजरात सोमनाथ के पास वेरावल से अनिल देव मुरारी, जयपुर से दशरथ बैरागी, बांसवाड़ा से कुलदीप गृहस्ती, कोटा से भुवनेश कुमार वैष्णव, जयपुर से महेश चंद्र वैष्णव, करौली से विद्या वैष्णव, छत्तीसगढ़ से जीके वैष्णव, चित्तौड़ से चांदनी बैरागी, जानकीदास वैष्णव, सूरत से बद्री प्रसाद , तरुण बैरागी, पवन कुमार रामावत अमरावती, भोपाल से विजय दास आदि ने कहा कि रविवार को प्रस्तावों पर चर्चा के बाद क्रियान्वयन किया जाएगा।


