बाड़मेर जिले की प्यास बुझाने वाली इंदिरा गांधी नहर से पानी माफिया लंबे समय से 2 से 3 इंच का पाइप लगाकर अवैध कनेक्शन लेकर खेती कर रहे है। इससे कई गांवों में ईसबगोल , जीरे और अरंडी की फसलें उगाकर करोड़ों रुपए कमा रहे है। पानी का प्रेशर स्लो होने और शिकायतों के बाद हाईवे किनारे चल रही मैन पाइप लाइन की चैकिंग करने गई टीम के होश उड़ गए। दो दर्जन से ज्यादा अवैध कनेक्शन कर खेती की जा रही थी। विभाग को गुमराह कर रहे थे। कार्रवाई करते 25 अवैध कनेक्शनों को काटकर एफआईआर दर्ज करवाई गई। इस दौरान पानी माफिया अधिकारियों को धमकाने लगें। दरअसल राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे निंबासर, आगोरिया के खेतों में इसबगोल,जीरे और अरंडी की फसल लहलहा रही है। यहाँ लोग करोड़ो की कमाई कर रहे है लेकिन बुधवार और गुरुवार को जब जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी की टीमें इन खेतो में पहुँची तो यह देखकर उनके भी होश फ़ाख्ता हो गए। इन खेतो में फसलों के लिए उपयोग में लिया जा रहा पानी चोरी का मिला। 2 से 3 इंच के अवैध कनेक्शन से उगाई फसल पश्चिमी राजस्थान की लाइफ लाइन कही जाने वाली इंदिरा गाँधी नहर से मोहनगढ़ से आने वाली बाड़मेर लिफ्ट कैनाल की मुख्य पाईप लाइन को पानी चोरों ने निशाना बनाते हुए उसमें सेंध लगाकर 2 से 3 इंच के अवैध कनेक्शन लेकर फसलें उगाना शुरू कर दिया है साथ ही खेतो में बड़ी- बड़ी डिग्गियों को बनाकर नहरबंदी या क्लोज़र के वक़्त पानी का जुगाड़ कर दिया है। इतना ही नही इन किसानों ने डमी नलकूप तक बना लिए है। जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी की टीमो ने 25 पानी चोरों के खिलाफ कार्यवाही करते हुए मामला दर्ज करने की कार्यवाही शुरू कर दी है। जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षण अभियन्ता हजारी राम बालवा के निर्देशन में अधिशाषी अभियन्ता खण्ड मोहनगढ़ नरेंद्र सिंह भाटी के सुपरविजन में कार्रवाई की गई। बाड़मेर लिफ्ट परियोजना की 1000 एमएम व्यास की मुख्य पाइपलाइन पर अवैध कनेक्शन कर खेती करने की शिकायत मिली थी। इस पर सहायक अभियन्ता जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग मोहनगढ़ एवं संवेदक गोदारा कंस्ट्रक्शन कंपनी की संयुक्त टीम ने सरहद निम्बासर एवं आगोरिया में 2 इन्ची से 4 इंची तक साइज के 25 अवैध कनेक्शन काटें। अवैध कनेक्शन से रोजना 25 से 30 लाख लीटर पानी चोरी अवैध कनेक्शन से प्रतिदिन 25 से 30 लाख लीटर पेयजल की चोरी करके अवैध तरिके से खेती की जा रही थी तथा बड़ी बड़ी डिग्गियां बनाकर भर रहे थे।पानी चोरी के मुख्य सरगना गोमा राम पुत्र जोगाराम निवासी निम्बासर के 8 कनेक्शन, प्रहलाद सिंह आगोरिया के 2 कनेक्शन, हड़वंत सिंह आगोरिया, गफूर खान पुत्र फरीदखान , खमीशा खान पुत्र जीवण खान , मीरा खान पुत्र मोहम्मद खान, परबत सिंह पुत्र बागसिंह, रुघ सिंह पुत्र बागसिंह हमसिंह पुत्र रुघ सिंह, मुल्तान सिंह पुत्र गोरधन सिंह भरत सिंह पुत्र दीप सिंह के एक-एक कनेक्शन काटे गये। इन सभी पानी चोरों के खिलाफ मामला दर्ज करवाकर भारी जुर्माना वसूला जाएगा तथा अभियान आगे भी जारी रहेगा। निरीक्षण पर डमी नलकूप को दिखाते थे पानी का स्त्रोत बाड़मेर लिफ्ट कैनाल से पानी चोरों के हौसले बुलंद होने के साथ बड़ी चालाकी से किसान किसी औचक निरीक्षण के दौरान डमी नलकूप को पानी का स्त्रोत बता देते थे।ऐसे में जब विभाग ने उन लोगो से बिजली का बिल की जानकारी मांगी तो किसानों को जवाब देते नही बना।जेसीबी से नलकूप की खुदाई की गई तो नलकूप महज डेमो के तौर पर लगा नजर आया।जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग अब इन 25 पानी चोरों के खिलाफ मामला दर्ज करवा कर कानूनी कार्यवाही को अमल में लाने जा रही है। जैसलमेर के सहायक अभियंता को धमकाया पानी चोरों के खिलाफ कार्यवाही के दौरान विभाग के कारिंदों और अधिकारियों को धमकियां भी दी गई लेकिन विभाग ने अपनी कार्यवाही को जारी रखा।रोहित चतुर्वेदी वर्तमान में सहायक अभियंता परियोजना डिवीजन मोहनगढ़ में कार्यरत्त है और इन्हें मुख्य पाइप लाईन के निरक्षण और देखरेख का जिम्मा दिया गया है।इनके द्वारा जांच और कार्यवाही के दौरान ना केवल इनको धमकियां दी गई बल्कि इनको मारपीट की चेतावनी भी दी बावजूद इसके चतुर्वेदी ने एक ही दिन में 25 बड़े पानी चोरों के खिलाफ ताबड़तोड़ कार्यवाही को अंजाम दिया। पानी की चोरी की वजह से शहर और ग्रामीण इलाकों में पानी की कमी इन पानी चोरों की वजह से ही बाड़मेर शहर और ग्रामीण इलाकों में पानी की कमी हो रही है। 2 से 4 एम एम पानी के कनेक्शन की वजह से बड़ी मात्रा में पानी खेतो में फसलों को दिया जा रहा था जिसके चलते मोहनगढ़ से रवाना हुआ पानी अपर्याप्त रूप में शहर और ग्रामीण इलाकों में पहुँच रहा था और यही वजह है कि पानी की कमी के चलते हजारों परिवारों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।


