हवामहल पर सोमवार शाम आतंकियों के हमले की सूचना ने शहर में दहशत का माहौल बना दिया। चारों ओर से हवामहल और आस-पास जाने वाले सभी रास्तों को बंद कर आवागमन को पूरी तरह से रोक दिया गया। पुलिस अधिकारियों के साथ जाब्ता मौके पर पहुंचा। लोगों के हताहत होने की सूचना पर एंबुलेंस भी मौके पर तैनात की गई। माहौल पूरी तरह से दहशत भरा हो गया। जब सूचना की पुष्टि हुई तो पता चला कि जयपुर पुलिस और एनएसजी के जवानों की ओर से मॉकड्रिल की जा रही है। इसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली। उधर, गोविंददेवजी मंदिर जाने वाले सभी श्रद्धालुओं को भी बीच रास्ते में रोकर वापस घर जाने को बोल दिया गया था। यह पूरा घटनाक्रम शाम 8 बजे शुरू हुआ जो देर रात तक चलता रहा। दरअसल, जयपुर में एनएसजी के जवानों की यह दूसरी मॉकड्रिल है। इससे पहले बिरला मंदिर पर भी ऐसी ही मॉकड्रिल हुई थी। इस तरह की मॉक ड्रिल आतंकी गतिविधियों के दौरान राहत एवं बचाव कार्य को अंजाम कैसे दिया जाए, इसको ध्यान में रखते हुए की जाती है। त्योहारी सीजन; दिन में पुलिस का फ्लैग मार्च त्योहारी सीजन के चलते कमिश्नरेट के भीड़भाड़ वाले क्षेत्र में पुलिस ने फ्लैग मार्च शुरू कर दिया। सोमवार को सबसे पहले गलता गेट व रामगंज इलाके में किया गया। फ्लैग मार्च में सीआरपीएफ की रेपिड एक्शन फोर्स व स्थानीय थानों की पुलिस संयुक्त रूप से शामिल हुई। एडिशनल कमिश्नर डॉ.रामेश्वर सिंह ने बताया कि त्योहारी सीजन के चलते शहर के मिश्रित आबादी और भीड़भाड़ वाले क्षेत्र में फ्लैग मार्च किया जा रहा है। पहले दिन सोमवार को गलता गेट, रामगंज, सुभाष चौक, संजय सर्किल व जालूपुरा में किया गया। इसके बाद ब्रह्मपुरी, शास्त्री नगर, भट्टा बस्ती, चौमूं, झोटवाड़ा, सदर, ट्रांसपोर्ट नगर, आदर्श नगर, मोती डूंगरी, जवाहर नगर, मालपुरा गेट, सांगानेर, सांगानेर सदर, चाकसू, सोढ़ाला व मानसरोवर में किया जाएगा। उसके बाद 10 मार्च को पुलिस लाइन में डेमो दिया जाएगा।


