आधी फैकल्टी के भरोसे मेडिकल कॉलेज, जांच मशीनों की भी कमी

भास्कर न्यूज| महासमुंद जिले के शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय को स्थापित हुए पांच वर्ष बीत चुके हैं, लेकिन प्रशासनिक उदासीनता और लेटलतीफी के कारण संस्थान खुद बीमार नजर आ रहा है। आलम यह है कि कॉलेज में स्वीकृत पदों के मुकाबले लगभग 44% शैक्षणिक फैकल्टी की कमी है। इधर कॉलेज प्रबंधन कॉलेज में अगले सत्र से पीजी की मांग में जुट चुका है। नेशनल मेडिकल काउंसिल की बार-बार दी जा रही चेतावनियों और जुर्माने के बावजूद शासन स्तर पर न तो नई भर्तियां हो रही हैं और न ही 2022 से रुकी हुई पदोन्नति (प्रमोशन) प्रक्रिया शुरू हो पाई है। मेडिकल कॉलेज से मिली जानकारी के मुताबिक कॉलेज में शैक्षणिक स्टाफ में प्रथम से लेकर चतुर्थ श्रेणी तक के कुल 420 पद स्वीकृत है। इनमें मात्र 147 ही कार्यरत है। 273 पद अब भी रिक्त है। इनमें से सबसे दुर्दशा स्थिति प्राध्यापक, सहायक प्राध्यापक के 216 पद में से 96 रिक्त है। ऐसे में मेडिकल कॉलेज की शैक्षणिक स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है। एक तरह से देखा जाए तो मेडिकल कॉलेज जिला अस्पताल के आंचल तले पल रहा है। मेडिकल कॉलेज के पास वर्तमान में अपनी खुद की उपकरण एक्स-रे, सोनोग्राफी, फॉरेन्सिक लैब जैसे उपकरणनहीं है। जिला अस्पताल के ही उपलब्ध संसाधनों में भविष्य के डॉक्टर शिक्षा ले रहे है। फॉरेंसिक मेडिसिन में अधिक दिक्कतें सोनोग्राफी में मेडिकल कॉलेज के 4 पद स्वीकृत है, जिसमें से सभी रिक्त है। इसी तरह फॉरेंसिक मेडिसिन में भी सभी पद रिक्त है। इन दोनों में ही सबसे अधिक समस्याएं मेडिकल कॉलेज में पढ़ाने वालों को हो रही है। पदनाम स्वीकृत कार्यरत रिक्त पद प्राध्यापक 24 7 17 सह-प्राध्यापक 33 20 13 सहायक प्राध्यापक 46 20 26 सीनियर रेजिडेंट 44 19 25 प्रदर्शक 26 18 8 जूनियर रेजिडेंट 43 36 7 कुल 216 120 96 मेडिकल स्टाफ की भी कमी, 573 पद खाली इसके साथ ही इन सभी स्टूडेंट्स को प्रैक्टिस के लिए संबद्ध चिकित्सालय में भी मेडिकल कॉलेज से स्टाफ की भारी कमी है। यहां कुल 616 पद में केवल 43 ही कार्यरत है। 573 पद पूरी तरह से रिक्त है। इन पदों में डॉक्टर, स्टाफ नर्स, एनएम, जीएनएम सहित अन्य पद शामिल है। जिला अस्पताल के ही स्टाफ, डॉक्टर, नर्स के साथ ही मेडिकल कॉलेज के स्टूडेंट प्रैक्टिस कर रहे है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *