स्वास्थ्य विभाग ने राज्य में आयुष्मान भारत-मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना व अबुआ स्वास्थ्य योजना की सूचीबद्धता के नियम में बदलाव किए हैं। विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने आदेश जारी करते हुए निजी अस्पतालों को सूचीबद्ध किए जाने कुछ दिशा-निर्देशों का पालन करने की बात कही है। इसके तहत अब राज्य के शहरी क्षेत्रों में स्थित निजी अस्पतालों को आयुष्मान से जोड़ने के लिए कम से कम 50 बेड होना पड़ेगा। जबकि ग्रामीण क्षेत्रों के निजी अस्पताल को 30 बेड रहने पर ही दोनों योजना से जोड़ा जा सकेगा। इसके अलावा वैसे अस्पताल तो केवल डे-केयर (आई, ईएनटी, डायलिसिस) की सुविधा दे रहें हैं, उन अस्पतालों में न्यूनतम 5 बेड होने अनिवार्य हैं। निर्देश दिया गया है कि पूर्व में भी निबंधित वैसे अस्पताल जो निर्धारित आहर्ता नही रखते हैं, उन्हें छह माह का समय दिया गया है ताकि वे बेड की संख्या व सुविधा बढ़ा सकें।


