आरटीई प्रवेश में बदलाव: दोहरे फॉर्मूले से तय होंगी सीटें

भास्कर न्यूज | नटवाड़ा निजी विद्यालयों में आरटीई के तहत नि:शुल्क प्रवेश को लेकर अभिभावकों का इंतजार खत्म हो गया है। शिक्षा विभाग ने प्रवेश प्रक्रिया का टाइम-फ्रेम जारी कर दिया है लेकिन इस बार नियमों में हुए बदलाव ने कई अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है। अब विद्यार्थी अपने वार्ड क्षेत्र से बाहर स्थित निजी स्कूलों में आवेदन नहीं कर सकेंगे। शिक्षा मंत्री द्वारा पहले वार्ड सीमा की बाध्यता खत्म करने के संकेत दिए गए थे लेकिन जारी दिशा-निर्देशों में यह प्रावधान लागू नहीं किया गया। ऐसे में कई अभिभावकों को मनचाहे स्कूल में प्रवेश की उम्मीद पर पानी फिरता नजर आ रहा है। वार्ड सीमा लागू रहने से कई अभिभावकों ने निराशा जताई है। उनका कहना है कि पहले उन्हें स्कूल चयन में अधिक स्वतंत्रता मिलने की उम्मीद थी, लेकिन नए निर्देशों ने विकल्प सीमित कर दिए हैं। जिले में 20 प्राथमिक, 457 उच्च प्राथमिक एवं 314 माध्यमिक या उच्च माध्यमिक स्कूलों सहित कुल 791 स्कूलों में आरटीई के तहत निशुल्क प्रवेश दिया जाएगा। सत्र 2026-27 के लिए शिक्षा विभाग ने आरटीई (निःशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा अधिकार) प्रवेश प्रक्रिया में महत्वपूर्ण परिवर्तन लागू किया है। इस बार आरटीई के दायरे को बढ़ाते हुए तीन प्री-प्राइमरी कक्षाओं को भी शामिल किया गया है, जिससे अभिभावकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। निजी स्कूलों में प्रवेश के लिए अब दो अलग-अलग फॉर्मूले लागू किए जाएंगे। इन बदलावों का उद्देश्य प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, संतुलित और व्यवस्थित बनाना है। ब्लॉक शिक्षा अधिकारी निवाई मंजू मीना ने बताया कि सत्र 2026-27 से आरटीई प्रवेश प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और संतुलित बनाने के उद्देश्य से दोहरे फॉर्मूले की व्यवस्था लागू की गई है। प्रयास है कि पात्र बच्चों को वास्तविक सीट उपलब्धता के अनुसार प्रवेश मिल सके।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *