इंदौर की चोइथराम मंडी में किसानों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंताएं सामने आई हैं। मानपुर के एक किसान पर हुए चाकू से हमले की घटना के बाद संयुक्त किसान मोर्चा ने बुधवार को जोरदार प्रदर्शन किया। किसान संगठनों ने मंडी प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए व्यवस्था में तत्काल सुधार की मांग की है। रामस्वरूप मंत्री, बबलू जाधव, प्रमोद नामदेव, शैलेंद्र पटेल और चंदनसिंह बड़वाया के नेतृत्व में हुए इस प्रदर्शन में किसान संघर्ष समिति, किसान मजदूर सेना और अखिल भारतीय किसान मजदूर संगठन के कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। प्रदर्शनकारियों ने चिंताजनक तथ्य उजागर किए कि इंदौर की तीनों मंडियों में 100 से अधिक सुरक्षा गार्ड तैनात होने के बावजूद किसानों पर हमले की घटनाएं लगातार जारी हैं। मंडी परिसर में असामाजिक तत्वों का वर्चस्व बढ़ता जा रहा है, जो किसानों से अवैध वसूली करते हैं और उन पर हमले करते हैं। किसान नेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि मंडी प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था में सुधार नहीं किया और किसानों को पर्याप्त सुरक्षा नहीं दी, तो वे बड़े आंदोलन की तैयारी करेंगे। उन्होंने मंडी बोर्ड के एमडी के आदेशों की अवहेलना पर भी कड़ी आपत्ति जताई, जिससे इंदौर की मंडियों की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंच रहा है। किसानों का कहना है कि वर्तमान स्थिति में वे अपनी उपज मंडी में लाने से घबरा रहे हैं। उन्होंने मांग की है कि मंडी प्रशासन सुरक्षा गार्डों की कार्यप्रणाली की जांच करे और किसानों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ठोस कदम उठाए।


