इंदौर विधायक पुत्र ने हंसते हुए पुजारी से माफी मांगी:देवास मंदिर विवाद के बाद माता टेकरी पहुंचकर पैर छुए; थाने में किया सरेंडर

इंदौर-3 विधानसभा सीट से भाजपा विधायक गोलू शुक्ला के बेटे रुद्राक्ष ने अपने चार साथियों के साथ थाने में सरेंडर कर दिया। यहां उन्हें निजी मुचलके पर जमानत मिल गई। इसके बाद वह सीधे देवास में माता टेकरी पर पहुंचा। यहां हंसते हुए मंदिर के पुजारी से मांगी माफी और पैर छुए। बता दें कि भाजपा विधायक गोलू शुक्ला के बेटे रुद्राक्ष द्वारा देवास माता मंदिर पर पुजारी से मारपीट का आरोप है। शनिवार को कोतवाली थाने पर आवेदन देने के बाद पुजारी परिवार ने विधायक पुत्र के नाम का जिक्र कर मारपीट के आरोप लगाए थे। हालांकि बाद में अपने बयान से पलट गए और कहा है कि मामले से विधायक पुत्र का लेना-देना नहीं है। इधर, पुलिस ने सोमवार देर रात रुद्राक्ष समेत 9 आरोपियों पर केस दर्ज किया था। इनमें इंदौर के अमन शुक्ला, हनी, उज्जैन के लोकेश चंदवानी, मनीष तेजवानी, अनिरुद्ध सिंह पंवार, देवास के जीतू रघुवंशी, सचिन और प्रशांत के नाम शामिल हैं। वहीं, कांग्रेस नेता सज्जन सिंह वर्मा ने आरोपियों को हिंदू औरंगजेब बताया था। पुजारी ने लगाया था धमकाने का आरोप
दरअसल, विधायक गोलू शुक्ला के बेटे रुद्राक्ष शुक्ला 11 अप्रैल की आधी रात को करीब एक दर्जन वाहनों में अपने साथियों को लेकर देवास की माता टेकरी पहुंचे थे। आरोप है कि मंदिर बंद होने के बावजूद इन लोगों ने पुजारी से जबरन पट खोलने की मांग की। इसे लेकर पुजारी से विवाद हुआ। शनिवार को पुजारी ने मामले में पुलिस से शिकायत की। उन्होंने कहा कि मेरे बेटे के साथ मारपीट की गई। मुझे धमकाया गया। घटना से जुड़े वीडियो फुटेज भी सामने आए थे। साथियों के साथ थाने पहुंचा विधायक पुत्र​​​​​​​
देवास मंदिर विवाद के बाद मंगलवार को विधायक पुत्र रुद्राक्ष शुक्ला ने शाम 7.40 बजे कोतवाली थाने में सरेंडर कर दिया था। रुद्राक्ष के साथ उनके चार अन्य साथी अनिरुद्ध पंवार, अमन शुक्ला, लोकेश चांदवानी और मनीष तेजवानी भी थाने पहुंचे। इस मामले में पुलिस ने 12 अप्रैल को केस दर्ज किया था। एएसपी जयवीर सिंह भदोरिया के अनुसार, पांच लोगों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की गई है। इनमें अमन, लोकेश, मनीष, अनिरुद्ध और रुद्राक्ष शामिल हैं। निजी मुचलके पर उन्हें जमानत दे दी गई। एसपी बोले- चार गाड़ियां की थी जब्त
एसपी पुनीत गेहलोद ने बताया कि सोमवार को पीड़ित पुजारी उपदेशनाथ के बयान हुए। इन बयानों और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर 9 लोगों पर केस दर्ज किए गए। 4 वाहन जब्त किए हैं। एसपी गेहलोद ने कहा, ‘जांच में सामने आया कि शुक्रवार रात गाड़ियों का काफिला लेकर रुद्राक्ष शहर में घूमा था। इनमें से 6 गाड़ियां टेकरी पर गई थीं। इन्हें ट्रेस कर केस दर्ज किया है। एक गाड़ी नीचे थी, उस पर भी केस दर्ज किया है। चार को जब्त कर लिया है। वीडियो में रुद्राक्ष की गाड़ी टेकरी पर जाती दिख रही है।’ कांग्रेस ने भी पुजारी के पैर धोकर मांगी क्षमा
इधर, मां चामुंडा टेकरी पुजारी से मारपीट मामले में कांग्रेस लगातार हमलावर है। सोमवार को पार्टी नेताओं ने मंदिर पहुंचकर पुजारी के पैर धोकर क्षमा मांगी। इंदौर पुजारी संघ ने आरोपी को तीन दिन में माफी मांगने का अल्टीमेटम दिया है। पुजारियों के संरक्षण के लिए कानून बनाने की भी मांग उठाई गई। इससे पहले शनिवार को कोतवाली थाने पर आवेदन देने के बाद पुजारी परिवार द्वारा रुद्राक्ष शुक्ला के नाम का भी जिक्र कर मारपीट के आरोप लगाए गए थे। चामुंडा माता मंदिर के पुजारी ने अब यह कहा
मंदिर के पुजारी अशोक नाथ ने बताया- उस दिन रात 12 बजे के बाद 30-40 लोग माता टेकरी आए थे। 12 बजे दोनों मंदिरों के पट बंद हो गए थे। बेटा उपदेश वहां मौजूद था। उसे कुछ मालूम नहीं था कि वो लोग कौन हैं। उसने सभी लोगों को बाहर से ही दर्शन कराए। तिलक भी लगाया। इतने में देवास के जीतू रघुवंशी ने बेटे से पूछा- चाबी किसके पास है? मैं कलेक्टर की अनुमति लेकर आया हूं। उसने पट खोलने के लिए कहा। उपदेश ने पट खोलने से मना किया। इस पर रघुवंशी बोला कि पट तो खोलने पड़ेंगे। इसके बाद बेटे का कान पकड़ कर बदतमीजी और गाली-गलौज की। विधायक जी के बेटे तो अपने वाहन से नीचे तक जा चुके थे। सारी हरकत जीतू ने की। विधायक जी के बेटे ने पट खोलने के लिए नहीं कहा। उन्हें तो कुछ मालूम ही नहीं था। जो हुआ, वह तो गलत है। जिसने हमारे साथ अभद्रता की थी, उसके ऊपर हम शनिवार को ही कार्रवाई करवा चुके हैं। अशोक नाथ ने कहा कि इंदौर के मठ के साथ हम भी खड़े हैं। अगर हमारी मांग पर कायमी नहीं होती तो हम अभी तक अनशन पर बैठ जाते। पुलिस की कार्रवाई से हम संतुष्ट हैं। जीतू रघुवंशी के खिलाफ कार्रवाई हो चुकी है। हमारे ऊपर कोई दबाव नहीं है। दिग्विजय बोले- आरोपियों को प्रोटेक्ट किया जा रहा
इस मामले में दिग्विजय सिंह ने कहा, कांग्रेस के विरोध और प्रदर्शन के चलते विधायक के बेटे पर एफआईआर हुई है, गिरफ्तारी अभी भी नहीं हुई है। आज भी उन्हें प्रोटेक्ट किया जा रहा है। भाजपा और भाजपा के लोगों से संबंधित लोगों को अहंकार हो गया है कि हम कुछ भी करें, पुलिस हमारे खिलाफ कुछ नहीं करेगी। आरएसएस के पूर्व प्रचारक ने भी पहले साधा निशाना, फिर बदला बयान
रविवार तक विधायक गोलू शुक्ला के इस्तीफे की मांग करने वाले राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पूर्व प्रचार प्रमुख नरेंद्र जैन ने भी सोमवार को अपने बयान से यू टर्न ले लिया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, मध्यक्षेत्र के पूर्व प्रचार प्रमुख और संघ प्रचारक जैन ने दैनिक भास्कर में प्रकाशित खबर को शेयर करते हुए सोशल मीडिया अकाउंट पर लिखा था- सत्ता के लालच में कुकृत्यों को कब तक ढोएगी भाजपा। यदि भाजपा पार्टी विद डिफरेंस का दावा करती है, तो उसे विधायक से इस्तीफा लेना चाहिए। लेकिन सोमवार शाम तक इस मामले में जैन के सुर बदल गए। दैनिक भास्कर से टेलिफोनिक चर्चा में नरेंद्र जैन ने कहा- यह मेरा स्टेटमेंट नहीं है। मैंने यह सामान्य नागरिक होने के नाते सोशल मीडिया पर लिखा है। मेरे पोस्ट को राजनीतिक रूप नहीं दिया जाए। बता दें कि नरेंद्र जैन संघ के पूर्णकालिक प्रचारक हैं। वह सागर में सरस्वती शिशु मंदिर के प्रधानाचार्य रह चुके हैं। बीजेपी सूत्रों की मानें तो इस मामले को लेकर दिल्ली में पार्टी आलाकमान भी सक्रिय हो गया है। बताया जा रहा है कि आलाकमान ने इस मामले की पूरी रिपोर्ट तलब की है। वहीं, इस घटना को लेकर कांग्रेस पहले से ही मोर्चा खोले बैठी है। कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने रुद्राक्ष के नशे में होने के आरोप भी लगाए हैं। विजयवर्गीय बोले- छोड़ो यार, प्रभारी ने कहा- आप सब समझते हैं
मामले को लेकर मीडिया ने मंत्री कैलाश विजयवर्गीय से सवाल किया तो वे ‘अरे छोड़ो यार’ कहकर चल दिए। मध्यप्रदेश बीजेपी के प्रभारी डॉ. महेंद्र सिंह से सवाल किया गया तो उन्होंने कहा- आप सब लोग बहुत अच्छे बुद्धिजीवी पत्रकार हैं। मैं समझता हूं कि हर चीज को आप समझते हैं। विजयवर्गीय और सिंह सोमवार को इंदौर के रवींद्र नाट्यगृह में आयोजित संविधान की शपथ कार्यक्रम में शामिल होने आए थे। इसका आयोजन कांग्रेस से भाजपा में आए नेता अक्षय कांति बम ने किया था। दिग्विजय सिंह बोले- यह बीजेपी का धर्म के प्रति असम्मानजनक व्यवहार
कांग्रेस नेता और राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने कहा- कहां तक सही है, मैं नहीं जानता। जैसा मुझे बताया गया कि शराब के नशे में मां चामुंडा के दर्शन करने वह गए। रात साढ़े बारह बजे पट खुलवाए गए। जब पुजारी ने मना किया तो जान से मारने की धमकी दी। मारपीट की गई। एसडीएम साहब को रात को साढ़े 12 बजे उठाकर फोन पर बात की गई। कहा कि पट खुलवाइए। विधायक जी के सुपुत्र आए हुए हैं। इसके बाद एसडीएम साहब के पीए ने पुजारी जी को कहा कि आप पट खोल दीजिए। दिग्विजय सिंह ने आगे कहा- यह बीजेपी का धर्म के प्रति सम्मान, धर्म के प्रति आस्था और मठों के प्रति असम्मानजनक व्यवहार है। सज्जन वर्मा बोले- यह हिंदू औरंगजेब, कलयुग के आतताई हैं
पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने कहा- कलयुग के आतताई…कलयुग के हिंदू औरंगजेब भगवान के शयन, उनकी निद्रा में खलल डाल रहे हैं। मुझे तो दुख इस बात का है कि यह छद्म सनातनी लोग, जिन्होंने यह घटना की…उनके पिता विधायक हैं। वह भी सनातनी विधायक। मुझे तो आश्चर्य है कि असली सनातनी जो देवास में रहते हैं, उनके मुंह से एक शब्द नहीं निकला कि यह मां का अपमान है। खबर पर आप अपनी राय यहां दे सकते हैं… मामले से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… लाल बत्ती-हूटर लगी गाड़ियां लेकर देवास टेकरी पहुंचा विधायक पुत्र इंदौर के भाजपा विधायक गोलू शुक्ला के बेटे रुद्राक्ष शुक्ला की कार को देवास पुलिस ने उज्जैन से जब्त किया है। शुक्रवार की आधी रात को रुद्राक्ष करीब एक दर्जन वाहनों के साथ साथियों को लेकर देवास की माता टेकरी पहुंचा था।आरोप है कि मंदिर बंद होने के बावजूद इन लोगों ने पुजारी से जबरन पट खोलने की मांग की। इसे लेकर पुजारी से विवाद हुआ। पढ़ें पूरी खबर…

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