सिटी रिपोर्टर । जमशेदपुर फागुन की मस्ती और आस्था के संगम के बीच सोमवार की रात शहर में एक हजार से अधिक स्थानों पर होलिका दहन किया गया। पूजा-अर्चना के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गुलाल का तिलक लगाकर शुभकामनाएं दीं और रंगोत्सव का आगाज किया। सबसे पहले बिष्टुपुर गुजराती सनातन समाज में होलिका दहन हुआ। इसके बाद जुगसलाई नया बाजार में रात 01: 40 बजे और साकची आमबागान में मारवाड़ी समाज द्वारा विधि-विधान से होलिका जलाई गई। परंपरा के अनुसार हरे चने की झंगरी अग्नि में पकाई गई और महिलाओं ने परिवार की सुख-शांति व समृद्धि के लिए परिक्रमा कर प्रार्थना की। रात 10:30 बजे से ही पूजा स्थलों पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने लगी थी। कुछ स्थानों पर होलिका दहन के बाद रंग-अबीर के साथ होली भी खेली गई। मारवाड़ी सम्मेलन साकची शाखा द्वारा सोमवार की मध्य रात्रि आमबगान मैदान साकची में होलिका दहन किया गया। दिन में समाज की महिलाओं द्वारा उपवास रखते हुए होलिका की पूजा अर्चना की। गुड़ व अन्य सामग्री के साथ माला बनाकर कम से कम 21 बड़कुल्ला (गोबर के उपले) चढ़ाया। कच्चे धागे से होली की परिक्रमा कर रात्रि 1:30 बजे नियमपूर्वक होलिका दहन किया गया। होलिका पूजन के मुख्य यजमान पुनीत कावंटिया थे। होलिका में गेहूं और चना भूनकर घर लाया गया।


