मध्य प्रदेश में 3 दिन से कड़ाके की ठंड पड़ रही है। आज गुरुवार को प्रदेश के 33 जिलों में कोल्ड वेव यानी शीत लहर चलेंगी। भोपाल, इंदौर समेत 21 जिलों में कोल्ड डे यानी दिन भी ठंडा रहेगा। बढ़ती ठंड के चलते भोपाल और इंदौर में स्कूलों की टाइमिंग बदल दी गई है। 8वीं तक क्लासेस 9 बजे से लगेंगी। मौसम विभाग ने गुरुवार को इंदौर और राजगढ़ में कोल्ड डे और कोल्ड वेव का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। भोपाल, विदिशा, रायसेन, सीहोर, बैतूल, हरदा, निवाड़ी, देवास, शाजापुर, उज्जैन, रतलाम, नीमच, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज और उमरिया में कोल्ड डे रहेगा। वहीं, धार, बड़वानी, खंडवा, नर्मदापुरम, आगर-मालवा, गुना, सागर, शहडोल, जबलपुर और सिवनी में सर्द हवाएं चलने का अलर्ट है। मौसम विभाग, भोपाल की सीनियर वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया कि उत्तर भारत में बर्फबारी होने से सर्द हवाएं प्रदेश में आ रही हैं। इस वजह से ज्यादातर हिस्सों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। ठंड बढ़ने के ये 2 कारण पचमढ़ी सबसे ठंडा, भोपाल-ग्वालियर में भी लुढ़का पारा
बुधवार-गुरुवार की रात पचमढ़ी प्रदेश में सबसे ठंडा रहा। यहां पारा 3.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हालांकि, बीती रात की तुलना में तापमान में बढ़ोतरी हुई है। ग्वालियर में पारा 4.6 डिग्री पर पहुंच गया। वहीं, भोपाल में 6.8 डिग्री दर्ज किया गया। इंदौर में 10 डिग्री, उज्जैन में 8.5 डिग्री और जबलपुर में 6.2 डिग्री रहा। पचमढ़ी के अलावा नौगांव, रायसेन, राजगढ़, उमरिया ऐसे शहर रहे, जहां पारा 5 डिग्री के नीचे रहा। भोपाल में लगातार तीसरे दिन कोल्ड डे
भोपाल में बुधवार को लगातार तीसरे दिन कोल्ड डे रहा। इंदौर, उज्जैन, शाजापुर, नीमच, मंदसौर, रतलाम, बैतूल, देवास, हरदा, रायसेन, विदिशा, राजगढ़, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी और उमरिया में भी कोल्ड डे की स्थिति रही और सर्द हवाएं भी चलीं। शहडोल, जबलपुर, सिवनी, नर्मदापुरम, सागर, खंडवा, आगर-मालवा, बड़वानी और धार में सर्द हवाएं चलीं। मौसम विभाग के अनुसार, बुधवार को भोपाल में 23.4 डिग्री, इंदौर में 24.5 डिग्री, ग्वालियर में 24.2 डिग्री, उज्जैन में 25.5 डिग्री और जबलपुर में 23.8 डिग्री तापमान रहा। सबसे ठंडा बालाघाट का मलाजखंड रहा। यहां पारा 22 डिग्री दर्ज किया गया। इसी तरह रीवा-सीधी में 22.4 डिग्री, रायसेन में 22.6 डिग्री, पचमढ़ी में 22.9 डिग्री, नौगांव-बैतूल में 23.5 डिग्री और नरसिंहपुर में 24 डिग्री सेल्सियस टेम्प्रेचर रहा। इस बार पहले पखवाड़े में ही कड़ाके की ठंड
इस साल दिसंबर की सर्दी ने ट्रेंड बदल दिया है। पिछले 10 साल का रिकॉर्ड और ट्रेंड देखें तो दिसंबर के दूसरे पखवाड़े में कड़ाके की ठंड पड़ती रही है लेकिन इस बार पहले ही पखवाड़े में तेज सर्दी का असर है। भोपाल और इंदौर की रात तो पिछले 2 साल में सबसे ठंडी रही हैं यानी दिसंबर की ठंड का रिकॉर्ड टूट गया है। नवंबर में सर्दी रिकॉर्ड तोड़ चुकी है। भोपाल में तो 36 साल का रिकॉर्ड टूटा है। इंदौर, उज्जैन, जबलपुर और ग्वालियर में भी पारा सामान्य से 7 डिग्री तक नीचे रहा। अब दिसंबर में भी कड़ाके की ठंड पड़ रही है। MP के 5 बड़े शहरों में दिसंबर में ऐसा ट्रेंड… भोपाल में 3.1 डिग्री रिकॉर्ड हो चुका टेम्प्रेचर
भोपाल में दिसंबर में दिन-रात ठंड और बारिश का ट्रेंड रहा है। 10 में से पिछले 5 साल से भोपाल दिसंबर में भीग रहा है। आधा से पौन इंच तक बारिश हो गई। इस बार भी बारिश होने के आसार हैं। दिसंबर में ठंड की बात करें तो 11 दिसंबर 1966 की रात में पारा 3.1 डिग्री पहुंच गया था। यह अब तक का ओवरऑल रिकॉर्ड है। 3 साल पहले 2021 में पारा 3.4 डिग्री पहुंच चुका है। इंदौर में 5 से 8 डिग्री के बीच रहा पारा
इंदौर में दिसंबर में रात का तापमान 5 से 8 डिग्री के बीच रहता है। पिछले साल तापमान 10.1 डिग्री तक पहुंच गया था। 10 साल के आंकड़ों पर नजर डालें तो दिन में पारा 28 से 31 डिग्री के बीच ही रहता है। इस महीने इंदौर में बारिश भी होती है। पिछले 4 साल से बारिश हो रही है। 31 दिसंबर 2015 को दिन का सर्वाधिक तापमान 33 डिग्री दर्ज किया गया था। 27 दिसंबर 1936 की रात में टेम्प्रेचर 1.1 डिग्री रहा था। सर्वाधिक कुल मासिक बारिश वर्ष 1967 को 108.5 मिमी यानी 4.2 इंच हुई थी। 24 घंटे में सर्वाधिक 53 मिमी यानी 2.1 इंच बारिश 17 दिसंबर 2009 को हुई थी। ग्वालियर में सबसे ज्यादा सर्दी
ग्वालियर में दिन में गर्मी तो रात में ठंड रहती है। पिछले 10 साल में यहां अधिकतम तापमान 26.2 से 31.6 डिग्री तक रह चुका है। वहीं, रात में पारा 1.8 से 6.9 डिग्री दर्ज किया गया। 6 दिसंबर 2006 को दिन का तापमान 32.1 डिग्री सेल्सियस पहुंच चुका है। 26 दिसंबर 1961 को न्यूनतम तापमान 0.4 डिग्री पहुंचा था। वर्ष 1997 में कुल मासिक बारिश 106.6 मिमी यानी 4.1 इंच हुई थी। 24 घंटे में सर्वाधिक बारिश 13 दिसंबर 2013 को 32.1 मिमी यानी 1.2 इंच हुई थी। जबलपुर में बारिश का भी दौर
जबलपुर में दिसंबर में बारिश होने का भी ट्रेंड है। 28 दिसंबर 1960 को दिन का तापमान 33.2 डिग्री पहुंच चुका है। 28 दिसंबर 1902 की रात में रात का तापमान 0.6 डिग्री रहा था। यह ओवरऑल रिकॉर्ड है। वर्ष 1885 को सर्वाधिक मासिक बारिश 125 मिमी यानी 4.9 इंच हुई थी। 24 घंटे में सर्वाधिक बारिश का रिकॉर्ड 68.1 मिमी यानी 2.6 इंच 16 दिसंबर 1885 को हुई थी। उज्जैन में भी हो रही बारिश
उज्जैन में दिन का औसत तापमान 28.2 डिग्री और रात में 9.4 डिग्री है। इस महीने औसत 4.6 मिमी बारिश होती है। पिछले पांच साल से उज्जैन में दिसंबर में बारिश हो रही है। 18 दिसंबर 2002 को दिन में टेम्प्रेचर 34.9 डिग्री पहुंच चुका है। यह ओवरऑल रिकॉर्ड है। 28 दिसंबर 1968 और 29 दिसंबर 1983 को रात में पारा 0.5 डिग्री पहुंच चुका है। वर्ष 1997 को कुल मासिक बारिश 119.4 मिमी यानी 4.7 इंच बारिश हो चुकी है। 24 घंटे में सर्वाधिक बारिश की बात करें तो 11 दिसंबर 1967 को 35.3 मिमी यानी 1.3 इंच बारिश हुई थी।


