शहरी क्षेत्र के अंबेडकर वार्ड स्थित आंगनवाड़ी केंद्र में पदस्थ आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सुनीता गढ़वाल की सेवा बुधवार को समाप्त कर दी गई। कार्रवाई एसडीएम बजरंग बहादुर ने की। गढ़वाल द्वारा कई महीनों से विभागीय कार्य में गंभीर अनियमितताएं एवं लापरवाही की जा रही थी। वे अधिकतर आंगनवाड़ी केंद्र से अनुपस्थित रहती थीं। आंगनवाड़ी संचालन नियमानुसार नहीं हो रहा था। हालत यह है कि हितग्राहियों को आंगनवाड़ी केंद्र की सेवाओं का लाभ नहीं मिल रहा था। साथ ही शासन की महत्वपूर्ण योजनाओं-लाड़ली लक्ष्मी योजना पंजीयन या छात्रवृत्ति एवं प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना इत्यादि के आवेदन भी समय-सीमा में नहीं भरे जाते हैं। जिससे कई हितग्राही शासन की योजनाओं के लाभ से वंचित हो रहे हैं। ऐसे हितग्राहियों द्वारा कार्यालय व सीएम हेल्पलाइन आदि जगह शिकायतें भी की जाती है। कारण बताओ नोटिस का जवाब भी नहीं दिया
महिला एवं बाल विकास विभाग की परियोजना अधिकारी ने बताया कि आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सुनीता गढ़वाल की गंभीर अनियमितता एवं लापरवाही के संबंध में उन्हें परियोजना कार्यालय से समय पर कारण बताओ सूचना पत्र भी जारी किए गए। लेकिन सुनीता गढ़वाल ने इनका जवाब भी नहीं दिया। ना ही अपने कार्य में सुधार किया गया। जून, जुलाई, अक्टूबर व नवंबर 2024 में मानदेय काटा गया था। एसडीएम के निरीक्षण में भी अनुपस्थिति मिली
एसडीएम बजरंग बहादुर के आकस्मिक निरीक्षण के दौरान भी कार्यकर्ता सुनिता गढ़वाल अनुपस्थित पाई गईं। केंद्र संचालित होना नहीं पाया गया। विभागीय नियम अनुसार एसडीएम के निरीक्षण व अनुमोदन के बाद आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सुनीता गढ़वाल को पद से पृथक करते हुए सेवा समाप्त कर दी गई।


