छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में एनआईए (नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी) की टीम ने आमाबेड़ा थाना क्षेत्र में गुरुवार तड़के 4 बजे दबिश दी। टीम ने चार लोगों को हिरासत में लिया है। इस कार्रवाई में अंतागढ़ जनपद उपाध्यक्ष को भी पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है। यह पिछले 10 महीने में एनआईए की पांचवीं दबिश है। हिरासत में लिए गए लोगों पर नक्सल सहयोगी होने का आरोप है। एजेंसी ने इस कार्रवाई को गोपनीय रखा है। इससे पहले 4 फरवरी को एनआईए ने आमाबेड़ा, उसेली और कलमुच्चे से चार लोगों को गिरफ्तार किया था। इनमें अनीस खान, अनिल कुमार नेताम, जयसिंह हिड़को और रघुवीर शामिल थे। एनआईए ने अब तक 14 लोगों से पूछताछ की पिछले 10 महीने में एनआईए ने कुल 14 लोगों से पूछताछ की है। अप्रैल-मई 2024 में उसेली के तीन युवकों से पूछताछ की गई। 28 जून 2024 को आमाबेड़ा के एक व्यापारी और कलमुच्चे के ग्रामीण समेत सात लोगों को हिरासत में लिया गया। इस दौरान एनआईए ने 39 हजार रुपये नकद, कई मोबाइल फोन और आपत्तिजनक दस्तावेज बरामद किए थे। 10 साल पहले पकड़ाए थे दो हत्यारे नक्सली कांकेर थाना से महज 30 किमी दूर मुजालगोंदी के जंगल से पुलिस ने 5 फरवरी 2014 को उत्तर बस्तर डिवीजन अंतर्गत नुआपाड़ा प्रोटेक्शन व समन्वय टीम का कमांडर विनोद अवलम उर्फ उंगा और डिप्टी कमांडर आसु कोरसा दोनों निवासी थाना गंगालूर जिला बीजापुर को पकड़ा था। नक्सली विनोद अवलम के कब्जे से 12 बोर देशी कट्टा और पांच कारतूस, नक्सली आसु कोरचा के कब्जे से एक 8 एमएम की ऑटोमेटिक पिस्टल और 6 कारतूस के अलावा दोनों से दो बीजीएल राकेट बम, पांच इलेक्ट्रिक डेटोनेटर, बारूद के अलावा दवाइयां बरामद की गई थी। पांच-पांच लाख के इनामी दोनों नक्सली दोनों जवान की हत्या में शामिल थे।


