राजगढ़ जिले की ग्राम पंचायत कुंडीबेह देश का पहला ऐसा गांव बन गया है, जहां हर घर 24 घंटे नल से जल की सुविधा उपलब्ध होगी। इस अवसर पर मंगलवार को जल जीवन मिशन के अंतर्गत जल अर्पण दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत मालवा लोकगीतों से हुई, जिनमें जल का महत्व और ग्रामीण जीवन में पानी की भूमिका को दर्शाया गया। कार्यक्रम में सांसद रोडमल नागर, विधायक राजगढ़ अमर सिंह यादव, पूर्व विधायक रघुनंदन शर्मा, कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ डॉ. इच्छित गढ़पाले और मध्यप्रदेश जल निगम के प्रबंध संचालक के.वी.एस. चौधरी सहित अन्य अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। अतिथियों का पारंपरिक साफा बांधकर स्वागत किया गया, पौधा भेंट कर हरित संदेश दिया गया और ग्राम की महिलाओं ने कलश भेंट कर सहभागिता दिखाई। अपर सचिव बोले- सतर्कता के साथ करें उपयोग
भारत सरकार में जल जीवन मिशन के अपर सचिव कमलकिशोर सोम ने बताया कि आज का कार्यक्रम ‘जल अर्पण दिवस’ नाम से आयोजित किया गया है और यह भारत में पहली बार आपके साथ मिलकर आयोजित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि कुंडीबे गांव में अब 24 घंटे पानी की व्यवस्था की जा रही है। 24 घंटे पानी मिलने से पाइप में लगातार पानी चलता रहेगा, जिससे जंग नहीं लगेगी और आपको तुलनात्मक रूप से ज्यादा स्वच्छ पानी मिलेगा। कमल किशोर ने यह भी समझाया कि इस व्यवस्था को सही ढंग से चलाने के लिए सभी को सतर्क रहना होगा। पानी का उपयोग केवल आवश्यकता अनुसार करें, और जरूरत से अधिक पानी भरकर न रखें, क्योंकि ऐसा करने से पानी खराब हो सकता है। खाना बनाने या अन्य आवश्यक कामों के लिए ही पानी का उपयोग करें और बाकी समय इसे संरक्षित रखें। औषधीय उत्पादों की प्रदर्शनी लगी
अपर सचिव ने कहा कि भारत सरकार हमेशा से पंचायतों को मजबूत बनाने और ग्रामीण जनभागीदारी बढ़ाने के लिए कदम उठा रही है। किसी भी योजना की सफलता तभी संभव है जब सभी मिलकर उसकी जिम्मेदारी निभाएं। कार्यक्रम स्थल पर कृषि विज्ञान केंद्र ने प्राकृतिक खेती, श्री अन्न और औषधीय उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई। जिला पंचायत ने वॉश ऑन व्हील्स सेवा और कृषि विभाग ने सूक्ष्म सिंचाई व जैविक खेती से जुड़े स्टॉल लगाए। साथ ही ऑनलाइन जलकर भुगतान प्रक्रिया का प्रदर्शन कर डिजिटल सुविधा की जानकारी दी गई। कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा ने कहा कि जल का सदुपयोग सभी की जिम्मेदारी है। सांसद रोडमल नागर ने ग्रामीणों से पेड़ लगाने, पानी बचाने, पशुपालन और जैविक खेती अपनाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान कलश, निबंध, रंगोली और चित्रकला प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं, जिनमें विजेताओं को पुरस्कार दिए गए। कार्यक्रम के अंत में सांसद रोडमल नागर ने मंच से सभी उपस्थित लोगों को जल संरक्षण और सतत उपयोग की शपथ दिलवाई। देखिए, जल अर्पण दिवस मनाए जाने की तस्वीरें…


