केडीए की 3 अरब 16 करोड़ रुपए की कीमत की जमीनें फर्जी तरीके से निजी काश्तकारों के नाम दर्ज हो गईं। केडीए के भूमि बैंक विभाग की जांच में यह मामला उजागर हुआ है। इन जमीनों का कुल क्षेत्रफल 8.7342 हेक्टेयर का है, जो ग्राम बारासिरोही के पनकी गंगागंज, शाहपुर मोहसिनपुर, मोहिसिनपुर और सिंहपुर कछार में हैं। केडीए ने नियुक्त किए अधिवक्ता
केडीए ने अब खतौनियों से निजी काश्तकारों का नाम खारिज कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इसके लिए अधिवक्ता की भी नियुक्ति कर दी गई है। केडीए उपाध्यक्ष मदन सिंह गर्ब्याल के निर्देश पर ओएसडी डॉ. रवि प्रताप सिंह ने सभी ग्रामों की आराजीवार अभिलेखीय और स्थलीय जांच कराई। काश्तकारों के नाम अचानक दर्ज हुईं
ओएसडी ने बताया कि ये जमीनें केडीए के स्वामित्व की हैं। वर्षों पहले से केडीए के नाम ही चली आ रही थीं मगर बीच में अचानक काश्तकारों के नाम दर्ज हो गईं। अब अधिवक्ता नामित करते हुए निर्देशित किया गया है कि तत्काल ऑनलाइन वाद दर्ज करके पैरवी करें। इसके साथ ही भूमि बैंक की विशेष टीम का भी गठन करके अनुपालन आख्या मांगी गई है। शिथिलता बरतने के लिए संबंधित कर्मचारियों को चेतावनी दी गई है। इन गांवों की हैं जमीनें, जानिए कीमत


