शहर के सूरतगढ़ रोड स्थित सरकारी मेडिकल कॉलेज में कैंसर विंग की स्थापना के लिए प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी की गई है। इस संबंध में राज्य सरकार ने बजट में घोषाणा की थी। इस संबंध में आदेश मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल को मिले हैं।
आदेश के तहत कॉलेज में सात पदों पर नियुक्तियों के लिए स्वीकृति दी गई है। आदेश चिकित्सा शिक्षा निदेशालयके अतिरिक्त निदेशक प्रशासन एवं पदेन संयुक्त शासन सचिव मुकेश कुमार मीणा ने जारी किए हैं। इसमें मेडिकल कॉलेज के ओन्कालॉजी विभाग में दो असिस्टेंट प्रोफेसर, रेडिएशनओन्कालॉजी में दो असिस्टेंट प्रोफेसर, सर्जिकल ओन्कालॉजी में दो असिस्टेंट प्रोफेसर व रेडियोलॉजिकल फिजिक्स में एक मेडिकल फिजिस्ट पद के लिए स्वीकृति दी गई है। रोगियों को मिलेगी सुविधा
राज्य सकार की इस घोषणा से कैंसर के रोगियों को सुविधा मिलेगी।
पंजाब से नहरों में आ रहे गंदे पानी के कारण जिले में बड़ी संख्या में कैंसर रोगी सामने आ रहे हैँ। इन कैँसर रोगियों को अभी इलाज के लिए बीकानेर या पंजाब के प्रमुख शहरों में जाना पड़ रहा है। श्रीगंगानगर में ही कैंसर के उपचार की सुविधा मिलने से रोगियों की परेशानी दूर होगी।
लीनियर एक्सलरेटर मशीन से ये होंगे लाभ
लीनियर एक्सलरेटर मशीन से इलाके के लोगों को लाभ होगा । यह मशीन अभी श्रीगंगानगर में उपलब्ध नहीं है। इस मशीन का उपयोग कैंसर के रोगियों को बाहरी बीम विकिरण इलाज के लिए किया जाता है। यह मशीन मरीज पर सीधे और सटीक तरीके से विकिरण डालती है। इससे आसपास के उत्तकों को नुकसान नहीं पहुंचता और कैंसर कोशिकाओं का नष्ट करता है। इससे साइड इफेक्ट्स का खतरा भी कम रहता है।
पीएमओ डॉ.दीपक मोंगा ने बताया कि श्रीगंगानगर के सरकारी मेडिकल कॉलेज की कैंसर विंग में सात पदों और लीनियर एक्सलरेटर मशीन की स्वीकृति मिली है। इस संबंध मं आदेश जारी किए गए हैं।


