कोंडागांव में मुरिया समाज 24 अप्रैल को अमर शहीद झाड़ा सिरहा का स्मृति दिवस मनाएगा। इस वर्ष कार्यक्रम को विशेष रूप से ‘सामाजिक जागरूकता ग्राम संगठन वर्ष’ के रूप में मनाया जाएगा। झाड़ा सिरहा मुरिया समाज के महान जननायक थे। उन्होंने 1876 में मुरिया विद्रोह का नेतृत्व किया था। अंग्रेजी शासन की दमनकारी नीतियों के खिलाफ उन्होंने पहला जन आंदोलन शुरू किया। मुरिया दरबार की स्थापना कर हजारों मुरिया युवाओं को संगठित किया। इन युवाओं ने तीर, धनुष और भाला जैसे पारंपरिक हथियारों से शोषण का विरोध किया। मुरिया समाज जिला इकाई कोंडागांव ने एक महत्वपूर्ण योजना बनाई है। वे गांव-गांव जाकर सामाजिक एकजुटता का संदेश फैलाएंगे। संगठन और स्वाभिमान को मजबूत करने का प्रयास करेंगे। समाज के हर व्यक्ति तक जागरूकता का संदेश पहुंचाएंगे। जिला इकाई ने समाज के सभी वर्गों से अपील की है। माय-माता, सियान, जुवान, गांयता, पेरमा, पटेल और पुजारी सभी से कार्यक्रम में शामिल होने का आग्रह किया है। यह आयोजन आज के समय में विशेष महत्व रखता है। सामाजिक और सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा के लिए झाड़ा सिरहा की विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाना जरूरी है।


