एसजीपीसी के प्रधान एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी और अन्य सदस्य आज खनौरी बॉर्डर पहुंचे और किसानों की मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल से मुलाकात की और उनके स्वास्थ्य के बारे में जाना। इस अवसर पर एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी ने मूल मंत्र का जाप किया। उन्होंने डल्लेवाल के स्वास्थ्य और किसान संघर्ष की प्रगति के लिए व्यक्तिगत रूप से प्रार्थना की। इस दौरान शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के कनिष्ठ उपाध्यक्ष स. बलदेव सिंह कल्याण, मुख्य सचिव कुलवंत सिंह, सदस्य भाई राजिंदर पाल सिंह मेहता, भाई गुरचरण सिंह ग्रेवाल, स. सुरजीत सिंह भिट्टेवाड, गुरबख्श सिंह खालसा, स. जरनैल सिंह डोगरांवाला, स. रणजीत सिंह काहलों व अन्य उपस्थित थे। रेल रोको आंदोलन में भी एसजीपीसी दे रही साथ शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की ओर से किसानों की ओर से किए जा रहे रेल रोको आंदोलन में भी साथ दिया जा रहा है। रेल रोको आंदोलन के हर स्थान पर एसजीपीसी की ओर से लंगर की व्यवस्था की गई है। उससे पहले आंदोलन शुरु होने से पहले अरदास भी की गई। किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल फसलों पर न्यूनतम समर्थन कीमत (MSP) की कानूनी गारंटी देने सहित किसानों की अन्य मांग मनवाने के लिए केंद्र पर दबाव बनाने के लिए पंजाब और हरियाणा के बीच खनौरी सीमा पर 26 नवंबर से आमरण अनशन कर रहे हैं। केंद्र के एक वरिष्ठ मंत्री ने दावा किया था कि सरकार किसानों को एमएसपी से अधिक दे रही। इस पर डल्लेवाल ने सवाल किया कि अगर ऐसा है, तो एमएसपी की कानूनी गारंटी देने में क्या दिक्कत है। उन्होंने कहा कि पिछले 10 सालों में गेहूं के एमएसपी में 825 रुपए की बढ़ोतरी हुई है, जबकि इस दौरान खेती की लागत 56 फीसदी से अधिक बढ़ गई है। किसान नेता ने कहा कि 2004-2014 के दौरान गेहूं के एमएसपी में 130 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई थी।


