भास्कर न्यूज | जालंधर नूरपुर के सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल में 12वीं कक्षा की छात्रा खुशप्रीत कौर का परिवार ने गांव में ही अंतिम संस्कार कर दिया। संस्कार के बाद परिवार ने मकसूदां थाने की पुलिस पर आरोप लगाए हैं कि 5 दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस आरोपी टीचर तरनजोत कौर व अन्य को गिरफ्तार नहीं कर रही है। गांव के सरपंच व अन्य लोगों ने कहा कि छात्रा ने आत्महत्या नहीं की है, बल्कि उसे मारा गया है। परिवार का आरोप है कि 200 रुपए की चोरी का इल्जाम लगाकर उनकी बेटी को टार्चर किया गया। उन्होंने कहा कि बेटी ने खुद ये कदम नहीं उठाया, बल्कि टीचरों द्वारा उनकी बेटी को मारा गया है, जिन पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। पुलिस पर आरोप लगाते हुए परिवार के सदस्यों ने कहा कि पुलिस ने दबाव बनाकर उनकी बेटी का अंतिम संस्कार करवाया है। अगर उनकी बेटी ने फंदा लगाया था तो स्कूल के टीचरों ने सबूत के तौर पर उसकी वीडियो व फोटो क्यों नहीं खींची। सीधा अस्पताल लेकर चले गए। तब पता चला कि उनकी बेटी की मौत हो चुकी है और स्कूल प्रबंधन ये बोल रहा है कि खुशप्रीत कौर ने आत्महत्या कर ली। लोगों ने पुलिस प्रशासन से अपील की है कि इस सारे मामले की जांच होनी चाहिए। अगर उन्हें इंसाफ न मिला तो वह हाईवे जाम करेंगे और अपने प्रदर्शन को उग्र रूप देंगे। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर पता चलेगा मौत का कारण थाना मकसूदां के पुलिस अधिकारी का कहना है कि परिवार के बयान के आधार पर टीचरों पर मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों को पकड़ने के लिए छापेमारी की जा रही है। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट आने के बाद ही असल कारणों का पता चल पाएगा। उधर, स्कूल की प्रिंसिपल सुनीता ने आरोपों पर सफाई देते हुए कहा कि बच्चों को रोल नंबर बांटने के लिए बुलाया गया था। उन्होंने बताया कि खुशप्रीत ने रोल नंबर लेने के बाद घर जाने की बात कही थी। प्रिंसिपल के अनुसार, कुछ देर बाद अचानक बच्चों के चीखने की आवाज सुनाई दी। जब स्टाफ कमरे की तरफ भागा, तो वह कमरा अंदर से बंद था। दरवाजा तोड़कर देखा गया तो छात्रा पंखे से लटकी हुई थी। आनन-फानन में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हैरानी की बात यह है कि जब प्रिंसिपल से टीचर शिवानी द्वारा चोरी के आरोप में फोन करने के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने पल्ला झाड़ते हुए कहा कि उन्हें इस बारे में कोई जानकारी नहीं है और घटना के बाद से उनकी शिवानी से बात नहीं हुई है।


