उपला घंटाला से सटे सुरापाड़ा माेड़ के पास से गुजर रही माही की नहर में रविवार शाम काे एक ऑटो बेकाबू हाेकर माही नहर में गिर गया। हादसे में ऑटो सवार मां-बेटी ताे बच गए लेकिन चालक पिता का काेई पता नहीं चल पाया। आपदा प्रबंधन की टीम ने रेस्क्यू रेस्क्यू ऑपरेशन से ऑटो तलाश लिया लेकिन सोमवार शाम तक शव नहीं मिला। माही विभाग ने नहर में पानी का प्रवाह कम किया। लेकिन अंधेरा हाे जाने से तलाश बंद करनी पड़ी। मंगलवार सुबह 5 बजे से दाेबारा तलाश शुरू की की गई तब घटना स्थल से करीब 15 किमी दूर मृतक रमेश का शव दिखने पर उसे बाहर निकाला गया। लक्ष्मणगढ़ झरी निवासी 35 वर्षीय रमेश पुत्र धनजी निनामा पेशे से चालक है। वह पत्नी सीता और बेटी पूजा काे लेकर ऑटो से सुरापाड़ा शादी समाराेह में शामिल हाेने जा रहे थे। सुरापाड़ा माेड के नजदीक गड्ढाें वाले रास्ते पर अचानक ऑटो का संतुलन बिगड़ा और वह नहर में जा गिरा। हादसे में पूजा किनारे पर ही गिर गई जबकि पिता और मां दाेनाें ऑटो समेत नहर में जा गिरे। सीता किसी तरह तैरकर बाहर निकल गई। रमेश का काेई पता नहीं चल पाया। हादसे की सूचना पर ग्रामीण और पुलिस भी सुबह माैके पर पहुंची और तलाश शुरू की। नहर में पानी अधिक हाेने से माही विभाग काे सूचना देकर जल प्रवाह भी बंद करवाया गया। सिविल डिफेंस की टीम भी जुटी। जल स्तर कम हाेने के साथ ऑटो मिल गया लेकिन रमेश का काेई पता नहीं चल पाया। रमेश के नहर में बहने की आशंका है। सिविल डिफेंस के प्रशांत अचार्य ने बताया कि मंगलवार सुबह 5 बजे से दाेबारा तलाश शुरू की जाएगी।


