भारत में बना हेलीकॉप्टर ध्रुव और लड़ाकू विमान तेजस गणतंत्र दिवस फ्लाईपास्ट का हिस्सा नहीं होंगे। इसी महीने गुजरात के पोरबंदर में एडवांस्ड लाइड हेलीकॉप्टर ध्रुव के क्रैश होने के बाद यह फैसला लिया गया है। वहीं, तेजल के सिंगल इंजन एयरक्राफ्ट होने की वजह से इसे फ्लाईपास्ट से बाहर किया गया है। दरअसल, वायुसेना ने गणतंत्र दिवस परेड में सिंगल इंजन एयरक्राफ्ट्स को उड़ाना बंद कर दिया है। वायुसेना अधिकारी ने मीडिया को बताया कि गणतंत्र दिवस परेड में 22 लड़ाकू विमान, 11 ट्रांसपोर्ट विमान, 7 हेलीकॉप्टर और 3 डोर्नियर निगरानी विमान शामिल होंगे। फ्लाईपास्ट में एक राफेल लड़ाकू विमान भी शामिल होगा। परेड में वायुसेना की मार्चिंग दस्ते में 144 जवान शामिल होंगे। जांच पूरी होने तक उड़ान नहीं भरेगा ध्रुव
वायुसेना के एक अधिकारी ने बताया कि आर्मी, वायुसेना, नौसेना और तटरक्षक बल के पास करीब 330 डबल इंजन ध्रुव हेलीकॉप्टर हैं। पोरबंदर में हुए हादसे के बाद इसके पूरे बेड़े को रोक दिया गया है। दुर्घटना पर बनी हाई लेवल कमेटी जब तक क्रैश की वजह का पता नहीं लगा लेती, तब तक हेलिकॉप्टरों के उड़ान भरने की संभावना नहीं है। हादसे में तटरक्षक बल के दो पायलट और एक एयरक्रू गोताखोर की मौत हुई थी। 15 साल में पहली बार गणतंत्र दिवस परेड का हिस्सा नहीं होगा ध्रुव
5.5 टन वजनी AHL ध्रुव का निर्माण सरकारी एयरोस्पेस कंपनी हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) ने किया है। यह मल्टीपर्पज और मल्टी मिशन हेलीकॉप्टर है और पिछले 15 सालों से गणतंत्र दिवस परेड का हिस्सा रहा है। वहीं, सिंगल इंजन लड़ाकू जेट तेजस लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (LCA) है। इसे भी HAL ने ही विकसित किया है। यह हल्का लड़ाकू विमान जासूसी और एंटी शिप मिशन में अहम भूमिका निभाता है। फरवरी 2021 में, रक्षा मंत्रालय ने वायुसेना के लिए 83 तेजस MK-1A जेट की खरीद के लिए HAL के साथ 48 हजार करोड़ रुपए का सौदा किया था। वहीं, पिछले साल नवंबर में मंत्रालय ने वायुसेना के लिए 97 तेजस जेट विमानों की अतिरिक्त खेप खरीदने की मंजूरी दी थी।


