झालावाड़ में स्पीक मेके के कार्यक्रम के तहत अंतरराष्ट्रीय कथक नृत्यांगना प्रियंका शाह ने प्रस्तुति दी। यह कार्यक्रम 14 फरवरी को जल दुर्ग गागरोन के रामबुर्ज और महिला शिक्षण बिहार, झालावाड़ में आयोजित किया गया। प्रियंका शाह के कथक नृत्य ने विद्यार्थियों और दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम का आगाज़ भगवान शिव की स्तुति से हुआ। प्रियंका शाह ने ‘शंकर अति प्रचंड, नाचत कर डमरू बाजे’ भजन पर शिव वंदना प्रस्तुत की। उनके सधे हुए कदमों और मुद्राओं ने अद्भुत आध्यात्मिक वातावरण निर्मित किया। इसके बाद उन्होंने धमार ताल पर तत्कार और बिजली जैसी गति के साथ चक्कर लेकर शुद्ध नृत्य की बारीकियां पेश कीं, जिससे विद्यार्थी मंत्रमुग्ध हो गए।
प्रस्तुति के साथ एक कार्यशाला भी आयोजित की गई, जिसमें नृत्यांगना ने विद्यार्थियों को कथक की तकनीकी जानकारी दी। उन्होंने हस्त मुद्राओं का महत्व, चक्कर लेने की सही तकनीक और भारतीय शास्त्रीय नृत्य के अनुशासन पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम का समापन भगवान कृष्ण की ‘माखन चोरी’ लीला और द्रोपदी चीर हरण के नृत्य प्रदर्शन के साथ हुआ। स्पीक मेके की जिला संयोजक सपना जैन ने बताया कि प्रियंका शाह ने कथक की शिक्षा अपनी गुरु रानी खानम से प्राप्त की है। वे अब तक भारत के साथ-साथ नेपाल और यूरोप के कई देशों में अपनी कला का प्रदर्शन कर चुकी हैं। प्रियंका शाह दूरदर्शन की प्रतिष्ठित कलाकार भी हैं। गागरोन दुर्ग में नृत्यांगना का स्वागत उपखंड अधिकारी अभिषेक चारण, उषा जैन और मनीष तोदी ने किया। महिला शिक्षण बिहार में वार्डन नंदकुंवर और जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान, झालरापाटन के उप प्रधानाचार्य सुरेंद्र कुमार जैन ने उनका स्वागत किया। इस कार्यक्रम में कुलवंत बैरागी का विशेष सहयोग रहा।


