सीकर के रहने वाले शराब माफिया को दुबई से गिरफ्तार किया गया है। उसे गुजरात एटीएस के इनपुट पर पकड़ा गया है। अब उसे भारत लाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पांड्या ने गुजरात में शराब तस्करी का बड़ा नेटवर्क फैलाया हुआ है। सीकर एसपी प्रवीण नायक नूनावत का कहना है कि आरोपी अनिल पांड्या का लुक आउट नोटिस जारी था। ऐसे में गुजरात एटीएस के इनपुट पर दुबई में वह गिरफ्तार हुआ। पांड्या पर सीकर जिले में 39 मुकदमे दर्ज हैं। इसके अलावा गुजरात, हरियाणा, सहित अन्य राज्यों में भी उसके खिलाफ शराब तस्करी के मामले दर्ज हैं। आरोपी अनिल पांड्या पिछले करीब दो दशक से शराब तस्करी में लिप्त है। जिसने शराब तस्करी के साथ-साथ जमीनों पर कब्जे भी किया। चाय की दुकान छोड़कर अपराध में आया अनिल पांड्या फतेहपुर तहसील के गांव खाजी का बास रूपनगर का रहने वाला है। अपराध में आने से पहले चाय की दुकान पर काम करता था। उसका हमेशा से स्वभाव सनकी था। ऐसे में वह काम छोड़कर अपराध की दुनिया में कदम रखा। 2012 में बिरजू ठेकेदार का मर्डर होने पर पहली बार उसका नाम चर्चा में आया था। इस केस में उसकी गिरफ्तारी भी हुई थी, जिसके बाद सांचौर जेल से अपने साथियों के साथ फरार हो गया था। फरारी के दौरान बड़े शराब माफियाओं के संपर्क में आया और फिर गुजरात सहित कई राज्यों में शराब तस्करी का काम करना शुरू कर दिया। साल 2023 में अनिल पांड्या के घर पर NIA ने भी दबिश थी। इस दौरान उसके घर से कई डॉक्यूमेंट भी जप्त किए गए थे। गुजरात में शराब तस्करी का बड़ा नेटवर्क चला रहा था जानकारी अनुसार- गुजरात में शराबबंदी के बावजूद अनिल पांड्या ने वहां शराब तस्करी का नेटवर्क खड़ा किया हुआ है। पिछले कई सालों से गुजरात पुलिस और अन्य एजेंसी के रडार पर थे। 2022 के बाद अनिल पांड्या दुबई फरार हो गया था। वहां से ही वह अपने पूरे शराब तस्करी के गिरोह को चला रहा था। मामले में जगदीश प्रसाद,तौफीक नजीर खान सहित कई शराब माफिया शामिल है। अनिल पांड्या तौफीक के जरिए ही अपने शराब तस्करी के नेटवर्क को चलाता था। पिछले साल तौफीक को भी दुबई में पकड़ा गया था।
राजस्थान के रास्ते गुजरात लेकर जाता था अनिल पांड्या और उसके गिरोह के लोग हरियाणा से सस्ती शराब लेकर आते और फिर इसे राजस्थान के रास्ते गुजरात लेकर जाते। गुजरात में प्रिंट रेट से डबल कीमत में इस शराब को बेचते। जिससे उन्हें अच्छा प्रॉफिट मिलने। सीकर पुलिस ने भी करोड़ों की शराब पकड़ी थी अनिल पांड्या शराब तस्करी करके करोड़ों रुपए कमा चुका है। उसने गांव में 2022 में करीब 60 से 70 लाख का एक मकान बनाया था। हर दिन वह करोड़ों रुपए की शराब तस्करी करता था।
10 महीने पहले सीकर पुलिस ने भी अनिल पांड्या गिरोह की करीब 1 करोड़ की शराब पकड़ी थी। जिसे सीमेंट रोलर की आड़ में हरियाणा से गुजरात लेकर जाया जा रहा था। इसके अलावा गुजरात में भी कई बार स्थानीय पुलिस ने इनकी गाड़ियां पकड़ी थी।


