गुना के हाट रोड से युवक का अपहरण कर मारपीट करने और जबरन पैसे जमा कराने के मामले में कोर्ट ने दो आरोपियों की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी है। मामला वर्ष 2022 का है, जिसमें पैसों के लेनदेन को लेकर वारदात को अंजाम दिया गया था। आरोपी हरभजन मीणा और जगदीश मीणा ने कोर्ट में अग्रिम जमानत के लिए आवेदन दिया था। कोर्ट ने यह कहते हुए आवेदन खारिज कर दिया कि अभी दोनों आरोपियों की शिनाख्त (पहचान) होनी बाकी है, इसलिए उन्हें जमानत का लाभ नहीं दिया जा सकता। हाट रोड से गाड़ी में डालकर ले गए थे
फरियादी संदेश मंगल ने 7 जनवरी 2022 को कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उसने पुलिस को बताया था कि सुबह करीब 11 बजे वह घर से अपनी दुकान (हाट रोड) की तरफ जा रहा था। तभी कैंची बीड़ी के सामने शिव मंदिर के पास चार अज्ञात लोग आए और उसे जबरदस्ती गाड़ी में बैठा लिया। गाड़ी के अंदर ही आरोपियों ने उसे थप्पड़ मारने शुरू कर दिए। खेत में ले जाकर कोरे कागज पर साइन कराए
आरोपी उसे मारते हुए धरनावदा के आगे एक खेत में ले गए, जहां मुख्य आरोपी राजमल पहले से मौजूद था। राजमल ने कोरे कागज पर संदेश के अंगूठा और हस्ताक्षर ले लिए। उसने धमकाते हुए कहा कि ‘तेरे पास मेरे 8 लाख रुपए हैं, एक लाख रुपए अभी चाहिए।’ दबाव में आकर पीड़ित ने राजमल के खाते में दो बार में एक लाख रुपए ऑनलाइन ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद राजमल ने भी उसके साथ मारपीट की, जिससे उसे कई जगह चोटें आईं। बाद में राजमल उसे बाइक से घर छोड़कर चला गया। मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर दर्ज हुआ था केस
पुलिस ने मामले को संदिग्ध मानते हुए पहले जांच में लिया। संदेश के बयान और अस्पताल की मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ अपहरण और मारपीट की धाराओं में केस दर्ज किया। मुख्य आरोपी राजमल को उसी समय गिरफ्तार कर लिया गया था, लेकिन बाकी तीन आरोपी फरार चल रहे थे। इसी बीच फरार आरोपी हरभजन और जगदीश ने जमानत की कोशिश की, जिसे कोर्ट ने नाकाम कर दिया।


