अपनी मांगों को लेकर एक बार फिर प्रदेश के 23 हजार ग्राम रोजगार सहायक ग्राम रोजगार सहायक संगठन के आह्वान पर 9 दिसंबर से 14 दिसंबर अपने कार्य पर हड़ताल पर बैठे रोजगार सहायकों ने अपने नियमितीकरण सहित अन्य मांगें उठाई है। उन्होंने रोजगार सहायकों की महापंचायत और सीएम हाउस की घोषणाओं की याद दिलाई। जिले की सभी तहसीलों की सभी पंचायतों के 300 से ज्यादा ग्राम रोजगार सहायकों ने बुधवार को सीएम के नाम कलेक्टर व जिला पंचायत सीईओ को ज्ञापन पत्र सौंपकर सहायक सचिव के पद पर पंचायत व ग्रामीण विकास विभाग में नियमित कारण की मांग की। रोजगार सहायक साथियों की आकस्मिक मृत्यु हो चुकी है, उनके परिवारों को अनुकंपा नियुक्ति और 25 लाख अनुग्रह राशि के प्रावधान की मांग की। मनरेगा ग्राम रोजगार सहायक सचिव महासंघ मध्यप्रदेश संगठन के प्रदेश अध्यक्ष रीतेश तिवारी, धार जिलाध्यक्ष लखन परमार ने बताया कि आगे आंदोलन तेज होगा। हमें सभी कर्मचारियों की तरह समान काम समान वेतन, वार्षिक बढ़ोतरी, टीए डीए, ईपीएफ कटौती, तबादला नीति विशेष परिस्थिति में जिले से बाहर की सुविधा दी जाए। धार जिले के बड़ी संख्या में रोजगार सहायक ज्ञापन देने पहुंचे। इस दौरान प्रदेश अध्यक्ष रीतेश तिवारी धार जिलाध्यक्ष लखन सिंह परमार सहित सभी तहसीलों के तहसील अध्यक्ष व अन्य पदाधिकारी की उपस्थिति में कलेक्टर कार्यालय परिसर में जिला पंचायत धार पीओ रमेश भारसकर को ज्ञापन सौंपा गया और कहा कि हमारी मांगे नहीं मानी गई तो अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठेंगे। बता दें कि सभी रोजगार सहायक संगठन के प्रदेश अध्यक्ष के साथ त्रिमूर्ति चौराहे से कलेक्टर कार्यालय तक संगठन के बैनर के साथ अपनी मांगों के नारे लगाते हुए रैली निकालकर ज्ञापन देने पहुंचे। पूर्व सीएम ने महापंचायत में की थी घोषणा पत्र में बताया गया है कि पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सीएम हाउस में 25 अगस्त 2018 और 28 जून 2023 को ग्राम रोजगार सहायकों की महापंचायत में पदनाम बदलकर सहायक पंचायत सचिव की घोषणा की है। सहायक सचिव पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग के पद पर नियमितिकरण आदेश जारी हो।


