भिंड जिले में खाद की कालाबाजारी और मनमाने दाम वसूले जाने पर प्रशासन ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। मछंड क्षेत्र में एक दुकान को सील कर दिया गया, वहीं जवासा सेवा सहकारी समिति के प्रबंधक पर भी पुलिस ने केस दर्ज किया है। दोनों मामलों में कृषि विभाग ने खाद की आपूर्ति और वितरण में भारी गड़बड़ी पाई है। लहार एसडीएम विजय सिंह यादव और उप संचालक कृषि विभाग रामसुजान शर्मा के नेतृत्व में शुक्रवार को मछंड में ऑपरेशन हुआ। इस दौरान पटवारी और आरएईओ ने नकली किसान बनकर आनंद खाद बीज भंडार पर डीएपी और यूरिया के दाम पूछे। दुकान संचालक इंद्रपाल सिंह राजावत ने डीएपी की बोरियां 1700 से 1800 रुपए और यूरिया 380 रुपए में बेचने की बात स्वीकार की। इस घटनाक्रम का अफसरों ने वीडियो भी रिकॉर्ड किया। इसके बाद निर्धारित दामों से अधिक वसूली की पुष्टि होने पर प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई कर दुकान को सील कर दिया। जवासा समिति प्रबंधक पर केस दर्ज
दूसरी ओर, जवासा सेवा सहकारी समिति के प्रबंधक भजन सिंह भदौरिया पर खाद के ब्लैक मार्केटिंग का मामला दर्ज हुआ है। 15 अक्टूबर को बिना पीओएस मशीन के गोदाम से रात के समय खाद का उठाव किया गया था। उप संचालक कृषि विभाग रामसुजान शर्मा ने इस पर प्रबंधक को नोटिस जारी किया, लेकिन भजनलाल ने जवाब नहीं दिया। जांच में खाद की कालाबाजारी की पुष्टि हुई और कृषि विकास अधिकारी रमेश सिंह भदौरिया की शिकायत पर देहात पुलिस ने ईसी एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज की है।


