छत्तीसगढ़ में तेंदूपत्ता संग्रहण दर ₹5500 तय:कोंडागांव में 2026 के लिए 15,500 मानक बोरा संग्रहण का लक्ष्य

कोंडागांव जिला लघु वनोपज सहकारी संघ मर्यादित कोंडागांव वनमंडल द्वारा नीलाम हॉल काष्ठागार में एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला नवीन तेंदूपत्ता नीति (विभागीय संग्रहण) के अंतर्गत जिला यूनियन स्तरीय शाखकर्तन प्रशिक्षण पर केंद्रित थी। इसमें छत्तीसगढ़ शासन द्वारा वर्ष 2026 के लिए तेंदूपत्ता संग्रहण दर 5500 रुपये प्रति मानक बोरा निर्धारित करने की घोषणा की गई। वनमंडलाधिकारी एवं पदेन प्रबंध संचालक चूड़ामणी सिंह (भा.व.से.) ने बताया कि जिला यूनियन के तहत 13 प्राथमिक वनोपज समितियों के 245 फड़ों के माध्यम से कुल 15,500.298 मानक बोरा तेंदूपत्ता संग्रहण का लक्ष्य रखा गया है। शाखकर्तन कार्य के लिए 70 रुपये प्रति मानक बोरा की दर से भुगतान किया जाएगा। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि शाखकर्तन का कार्य संग्रहण शुरू होने की संभावित तिथि से 45-50 दिन पहले किया जाना लाभकारी होगा और इसमें अनावश्यक देरी या जल्दबाजी से बचना चाहिए। संयुक्त वनमंडलाधिकारी आशीष कुमार कोट्रीवार ने शाखकर्तन, संग्रहण, भंडारण और भुगतान प्रक्रिया से संबंधित तकनीकी जानकारी प्रदान की। उन्होंने फड़ों के चयन में चट्टानी, पत्थरीली या रेतीली जमीन को प्राथमिकता देने, जलभराव रहित, दीमक मुक्त और सुरक्षा की दृष्टि से उपयुक्त स्थलों का चयन करने पर जोर दिया। बूटा कटाई के संबंध में निर्देश दिए गए कि यह कार्य गांव के आसपास मरहान क्षेत्र में किया जाए, घने जंगल या खेतों में पेड़ों को न काटा जाए, और जमीन से 1-2 सेंटीमीटर ऊपर धारदार हथियार से कटाई की जाए। पूरे क्षेत्र में यह कार्य एक सप्ताह के भीतर पूरा करने के निर्देश भी दिए गए। कार्यशाला में तेंदूपत्ता संग्राहकों के लिए संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी गई। 1 अप्रैल 2024 से लागू राजमोहिनी देवी तेंदूपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना के तहत 18 से 50 वर्ष आयु वर्ग के पंजीकृत संग्राहक परिवार के मुखिया को सामान्य मृत्यु पर 2 लाख रुपये, दुर्घटना मृत्यु पर 4 लाख रुपये, आंशिक निःशक्तता पर 1 लाख रुपये और पूर्ण निःशक्तता पर 2 लाख रुपये की सहायता का प्रावधान है। 51 से 59 वर्ष आयु वर्ग के लिए अलग सहायता राशि निर्धारित की गई है। इसके अतिरिक्त, 1 अप्रैल 2020 से संघ द्वारा संचालित सामूहिक सुरक्षा योजना के अंतर्गत मृत्यु होने पर 12,000 रुपये की सहायता प्रदान की जाती है। इन दोनों योजनाओं के लिए आवेदन सीएससी (कॉमन सर्विस सेंटर) के माध्यम से ऑनलाइन किए जा सकते हैं। कार्यशाला में छात्रवृत्ति योजनाओं के बारे में भी बताया गया, जो 10वीं और 12वीं कक्षा में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने वाले छात्रों के लिए हैं।

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