जयपुर में एक बिजनेसमैन के घर डकैती डालने से पहले ही पुलिस ने सात बदमाशों को अरेस्ट कर लिया। बदमाशों में से 2 खरीदार शामिल हैं, जिनके कब्जे से 15 लाख कीमत के लूटे गए मोबाइल और लेपटॉप बरामद किए गए हैं। मुम्बई से फरारी काटने आए मास्टर माइंड के साथ 2 महीने पहले डकैती के लिए रेकी की गई थी। संजय सर्किल थाना पुलिस आरोपियों से पूछताछ करने में जुटी है। DCP (नॉर्थ) राशि डूडी डोगरा ने बताया- डकैती की प्लानिंग करते बदमाश शकील अली (19) पुत्र मोहम्मद साबिर निवासी आबादपुर कटिहार बिहार, हाल निवासी नाहरी का नाका शास्त्री नगर जयपुर, लाला उर्फ लाल मोहम्मद (19) पुत्र महबूब खां निवासी पेंटर कॉलोनी नाहरी का नाका शास्त्री नगर, मोहम्मद तारिफ (22) पुत्र मोहम्मद यासिन निवासी काजी जी का नाला भट्टाबस्ती, जयरुद्दीन (23) पुत्र मोहम्मद निवासी कटिहार बिहार हाल पेंटर कॉलोनी नाहरी का नाका शास्त्री नगर और उस्मान (20) पुत्र असलम निवासी मालदा पश्चिम बंगाल को अरेस्ट किया है। जिनके कब्जे से मिर्च पाउडर, कटार, चाकू, टॉर्च, रस्सी, पेचकस, टेप, कटर, एयरगन व बैग जब्त किया गया है। गैंग का मास्टर माइंड शकील अली है, जो मुंबई में कई वारदातों को अंजाम देकर जयपुर फरारी काटने आया है। खरीदार से मिले लूटे गए मोबाइल-लेपटॉप
संजय सर्किल थाना पुलिस को एक जनवरी की रात सूचना मिली कि चांदपोल स्थित खेतड़ी हाउस में कुछ हथियारबंद बदमाश डकैती डालने की प्लानिंग कर रहे हैं। मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर पांचों बदमाशों को दबोच लिया। पूछताछ में सामने आया कि पांचों बदमाश मोबाइल स्नेचर व नकबजन हैं। राहगीरों से लूटे गए मोबाइल को नाहरी का नाका शास्त्री नगर निवासी मोहित स्वामी और संदीप स्वामी को बेचते थे। पुलिस ने दबिश देकर खरीदार मोहित स्वामी और संदीप स्वामी को अरेस्ट किया। जिनके कब्जे से 40 मोबाइल व 2 लेपटॉप बरामद किए गए। जिनकी कीमत करीब 15 लाख से ज्यादा है। साइबर क्रिमिनल्स को सप्लाई
पूछताछ में दोनों खरीदारों ने बताया- वह साइबर क्रिमिनल्स को इसकी सप्लाई करते हैं। मेवात और जामताडा आदि स्थानों पर जाकर साइबर क्राइम करने वाले लोगों को लूटे गए मोबाइल की डिलीवरी करते थे। मोबाइल के बदले मोटी रकम वसूलते। साइबर क्रिमिनल्स एक-दो बार यूज करने के बाद मोबाइल को तोड़कर खत्म कर देते हैं। जयपुर में रची थी दो प्लानिंग
आरोपियों ने पूछताछ में बताया- वे जयपुर में दो बार डकैती डालने का प्लान कर चुके हैं। पहले एक ज्वेलर के शोरुम में वारदात करने की कोशिश की थी। जाग होने के कारण कामयाब नहीं हुए और भाग निकले थे। दूसरी प्लानिंग के दो महीने पहले रेकी की, जिसके पीछे लम्बे समय तक CCTV फुटेज स्टोरज नहीं होना है। जिस बिजनेसमैन के घर डकैती की प्लानिंग की थी। वह परिवार रात को 12-1 बजे तक घर पर नहीं रहता। प्लानिंग के तहत डकैती के दौरान आने पर परिवार को बंधक बनाकर कैश-गहने लूटना था।


