भास्कर न्यूज | लुधियाना जिला एवं सत्र न्यायाधीश-कम-चेयरपर् सन, जिला कानूनी सेवाएं प्राधिकरण लुधियाना, श्रीमती हरप्रीत कौर रंधावा द्वारा केंद्रीय जेल, बोरस्टल जेल तथा महिला जेल लुधियाना का अचानक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने जेल सुपरिटेंडेंट की मौजूदगी में विभिन्न बैरकों का दौरा किया और वहां बंद हवालातियों व कैदियों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने जेल अधिकारियों को निर्देश दिए कि कैदियों को आ रही समस्याओं का तुरंत समाधान सुनिश्चित किया जाए। इस दौरान बोरस्टल जेल के लंगर हॉल का भी निरीक्षण किया गया, जहां तैयार किए जा रहे भोजन की गुणवत्ता जांची गई। भोजन में रोटी, मसूर दाल और आलू-गाजर की सब्जी शामिल थी। इसके बाद महिला जेल का निरीक्षण करते हुए उन्होंने बंद महिला कैदियों से बातचीत की और उनकी समस्याओं के शीघ्र समाधान के लिए अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए। जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने केंद्रीय जेल का भी दौरा किया, जहां कैदियों से मुलाकात करने के उपरांत लंगर हॉल का निरीक्षण किया गया। यहां कैदियों के लिए बनाए जा रहे खाने की गुणवत्ता की जांच की गई। उन्होंने कैदियों को बताया कि जो बंदी अपने मामलों की पैरवी के लिए निजी वकील रखने में सक्षम नहीं हैं, वे जिला कानूनी सेवाएं प्राधिकरण, लुधियाना से मुफ्त कानूनी सहायता प्राप्त कर सकते हैं। इसके लिए जेल परिसर में स्थापित लीगल एड क्लीनिक में जाकर आवेदन फार्म भरकर सहायता ली जा सकती है। निरीक्षण के दौरान पाई गई कमियों को लेकर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने संबंधित जेल अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। इस अवसर पर उनके साथ मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट-कम-इंचार् ज जिला कानूनी सेवाएं प्राधिकरण डेजी बांगर, चीफ लीगल एड डिफेंस काउंसिल वरिंदरजीत सिंह रंधावा तथा असिस्टेंट लीगल एड डिफेंस काउंसिल मनप्रीत (एम.पी.) सिंह भी उपस्थित रहे।


