भास्कर न्यूज | जशपुरनगर शासकीय एनईएस स्नातकोत्तर महाविद्यालय, जशपुरनगर में जिला स्तरीय युवा साहित्य उत्सव का गरिमामय आयोजन संपन्न हुआ। इस साहित्यिक उत्सव में जिले के विभिन्न शासकीय और अशासकीय महाविद्यालयों से आए छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपनी मौलिक रचनाओं के माध्यम से साहित्य के प्रति अपनी गहरी रुचि और संवेदनशील दृष्टिकोण का परिचय दिया। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं के भीतर छिपी साहित्यिक प्रतिभा को पहचान देना, उसे निखारना और उन्हें एक सशक्त मंच उपलब्ध कराना रहा। कार्यक्रम की शुरुआत हिंदी विभागाध्यक्ष कीर्ति किरण केरकेट्टा के स्वागत उद्बोधन से हुई। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि साहित्य केवल शब्दों का संयोजन नहीं है, बल्कि यह समाज को नई दिशा देने वाली जीवंत चेतना है। उन्होंने युवाओं को साहित्य के माध्यम से सामाजिक सरोकारों, पर्यावरण संरक्षण, मानवीय मूल्यों और समकालीन समस्याओं पर निरंतर लेखन के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि युवा रचनाकारों की रचनात्मक ऊर्जा ही किसी भी समाज की सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करती है। कहानी और कविता प्रतियोगिता के दौरान युवाओं ने अपनी रचनाओं के माध्यम से समाज की विषमताओं, प्रकृति के प्रति प्रेम, मानवीय संवेदनाओं और युवा चेतना के विविध पहलुओं को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। प्रतिभागियों की रचनाओं में कल्पनाशीलता के साथ-साथ यथार्थ का सुंदर समन्वय देखने को मिला। राज्य स्तरीय मंच पर मिलेगा सम्मान: विजेता प्रतिभागियों को रायपुर में आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय साहित्य उत्सव 2026 में सम्मानित किया जाएगा। प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागी को 5100 रुपए, द्वितीय को 3100 रुपए और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले को 1500 रुपए की नकद राशि के साथ प्रमाण पत्र प्रदान किया जाएगा। इस घोषणा से प्रतिभागियों में उत्साह का माहौल देखने को मिला। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अमरेंद्र ने सभी विजेताओं और प्रतिभागियों को बधाई देते हुए कहा कि यह सफलता उनकी कड़ी मेहनत, लगन और साहित्य के प्रति समर्पण का परिणाम है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि जशपुर के युवा साहित्यकार राज्य स्तरीय मंच पर भी उत्कृष्ट प्रदर्शन कर जिले का नाम रोशन करेंगे। कार्यक्रम का सफल संचालन सहायक प्राध्यापक गौतम कुमार सूर्यवंशी द्वारा किया गया।


