जैसलमेर से दक्षिण भारत की कनेक्टिविटी को लेकर रेलवे ने एक बड़ा कदम उठाया है। रेलवे प्रशासन ने जैसलमेर और चेन्नई के बीच विशेष ट्रेन चलाने की घोषणा की है। लंबे समय से इस मार्ग पर सीधी ट्रेन की मांग कर रहे प्रवासियों और व्यापारियों के लिए यह निर्णय बड़ी राहत लेकर आया है। विशेषकर तमिलनाडु में बसे मारवाड़ और माहेश्वरी समाज के प्रवासियों के लिए अब घर पहुंचना आसान होगा। चेन्नई से जैसलमेर की यह ट्रेन 3 मार्च को रात 11.55 बजे चेन्नई से रवाना होकर 6 मार्च को सुबह 4.45 बजे जैसलमेर पहुंचेगी। इसके बाद जैसलमेर से चेन्नई जाने के लिए वापसी में यह ट्रेन रविवार की रात 11.30 बजे जैसलमेर से रवाना होकर बुधवार सुबह 5 बजे चेन्नई पहुंचेगी। व्यापार और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा चेन्नई में जैसलमेर, बाड़मेर और जोधपुर क्षेत्र के हजारों लोग व्यापार और रोजगार के सिलसिले में रहते हैं। सीधी ट्रेन सेवा नहीं होने के कारण अब तक इन प्रवासियों को जोधपुर या अन्य स्टेशनों से होकर यात्रा करनी पड़ती थी, जिससे समय और पैसा दोनों अधिक खर्च होते थे। इस नई ट्रेन के शुरू होने से न केवल प्रवासियों को आवागमन में सुविधा होगी, बल्कि जैसलमेर के पर्यटन उद्योग को भी लाभ मिलेगा। दक्षिण भारत से आने वाले पर्यटक अब सीधे स्वर्ण नगरी तक पहुंच सकेंगे। स्थानीय संगठनों ने इस पहल का स्वागत करते हुए मांग की है कि यात्रियों की संख्या को देखते हुए भविष्य में इस साप्ताहिक सेवा को नियमित (डेली) ट्रेन में बदला जाए। यह रहेगा समय-सारणी का शेड्यूल गौरतलब है कि रेलवे द्वारा चेन्नई-जैसलमेर-चेन्न ई के लिए होली स्पेशल ट्रेन चलाने की घोषणा की गई है। ट्रेन नंबर 06005 चेन्नई से जैसलमेर की यह ट्रेन 3 मार्च को रात 11.55 बजे चेन्नई से रवाना होकर 6 मार्च को सुबह 4.45 बजे जैसलमेर पहुंचेगी। इसके बाद ट्रेन नंबर 06006 जैसलमेर से चेन्नई जाने के लिए वापसी में यह ट्रेन रविवार की रात 11.30 बजे जैसलमेर से रवाना होकर बुधवार सुबह 5 बजे चेन्नई पहुंचेगी। चेन्नई से रवानगी: ट्रेन नंबर 06005 प्रत्येक गुरुवार रात 11:55 बजे चेन्नई से रवाना होगी और शनिवार तड़के 4:45 बजे जैसलमेर पहुंचेगी। जैसलमेर से वापसी: ट्रेन नंबर 06006 जैसलमेर से रविवार रात 11:30 बजे रवाना होकर बुधवार सुबह 5:00 बजे चेन्नई पहुंचेगी। 140 करोड़ की लागत से बदला स्टेशन का स्वरूप गौरतलब है कि जैसलमेर रेलवे स्टेशन पर वर्तमान में 140 करोड़ रुपए की लागत से पुनर्विकास कार्य और आधुनिकीकरण किया जा रहा है। स्टेशन पर वाशिंग लाइन और नई पिट लाइन का काम भी अंतिम चरण में है। इन सुविधाओं के विस्तार के बाद अब जैसलमेर से देश के अन्य कोनों के लिए लंबी दूरी की ट्रेनों के संचालन का रास्ता साफ हो गया है। रेलवे अधिकारियों का मानना है कि बुनियादी ढांचे में सुधार होने से आगामी दिनों में और भी नियमित ट्रेनें शुरू की जा सकेंगी।


