जोधपुर डिस्कॉम का एक कर्मचारी अपने ही विभाग की आंखों में धूल झोंककर उपभोक्ताओं के यहां लगे सरकारी मीटर को हटाकर दूसरे प्राइवेट डमी मीटर लगा रहा था, जिससे उन उपभोक्ताओं के बिजली बिल रीडिंग नहीं आती थी। ऐसे संगीन मामले में जांच हुई, तो आरोपी कर्मचारी की कारस्तानी का खुलासा हुआ। इस पर डिस्कॉम के बिजली चोरी निरोधक थाना ग्रामीण में केस दर्ज कर आरोपी कर्मचारी प्रवीण कुमार को गिरफ्तार कर लिया। थानाधिकारी सांखला ने बताया कि डिस्कॉम का कर्मचारी होते हुए बिजली चोरी कराने वाले आरोपी प्रवीण कुमार, जिसे विभाग ने पूर्व में निलंबित भी कर दिया था, उसे शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया गया। शनिवार को पुलिस ने उसे कोर्ट में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया। उसके खिलाफ बिलाड़ा थाने में और डिस्कॉम ग्रामीण थाने में भी अलग-अलग केस दर्ज किए गए हैं। डमी मीटर लगा रहा था जोधपुर डिस्कॉम विजिलेंस के एएसपी नरेंद्र सिंह चौधरी के अनुसार डिस्कॉम प्रबंधन की ओर से शिकायत दी गई थी। इसमें बताया गया कि डिस्कॉम उपखंड बिलाड़ा क्षेत्र में डिस्कॉम कर्मचारी प्रवीण कुमार कई उपभोक्ताओं को बिजली बिल नहीं आने की गारंटी देकर सरकारी मीटर हटाकर उसके स्थान पर दूसरा प्राइवेट डमी मीटर लगा रहा था। इस पर डिस्कॉम के अधिशाषी अभियंता (सीवीएस) निंबाराम जाणी, एईएन अशोक कुमार विश्नोई और जेईएन मोनिका गोयल की टीम ने पूरे मामले की जांच की। इसमें बिलाड़ा में बींजवाड़िया रोड निवासी भीमराज आचार्य पुत्र इंद्रमल के घर पर प्राइवेट मीटर लगा मिला। महिलाओं ने टीम को बताया था इस घर में आचार्य परिवार की महिलाओं ने टीम को बताया कि बिजली विभाग का कर्मचारी प्रवीण कुमार पुराना मीटर खोलकर ले गया और उसी ने ये प्राइवेट मीटर लगाया था। तब डिस्कॉम टीम ने वीसीआर भरकर बिजली चोरी का केस दर्ज कराया। मामले की गंभीरता को देखते हुए उप अधीक्षक (विजिलेंस) मदनलाल रायल के निर्देशन में डिस्कॉम ग्रामीण थानाधिकारी मनोहरसिंह सांखला की अगुवाई में विशेष टीम गठित की गई। इसमें एएसआई त्रिलोकचंद सहित अन्य ने गहनता से छानबीन की, तो सामने आया कि प्रवीण कुमार ने इसी तरह से 6 उपभोक्ताओं के असली मीटर बदलकर उनके स्थान पर डमी प्राइवेट मीटर लगा दिए।


