जोधपुर-भीलड़ी रेल रूट पर एक बार फिर ट्रेन के जरिए गुजरात ले जाई जा रही अंग्रेजी शराब पकड़ी गई है। 25 फरवरी को ट्रेन संख्या 20485 जोधपुर–साबरमती सुपरफास्ट एक्सप्रेस में टिकट जांच के दौरान कोच के टॉयलेट में छिपाकर रखी गई 48 बोतल शराब बरामद की गई। बरामद शराब की अनुमानित कीमत करीब 33 हजार रुपए बताई गई है। रानीवाड़ा–धानेरा के बीच जांच में खुलासा जोधपुर रेलवे मंडल के वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक हितेश यादव के अनुसार, टीटीआई राजेन्द्र कुमार मीणा टिकट जांच के दौरान रानीवाड़ा और धानेरा स्टेशन के बीच कोच संख्या एस-6 में पहुंचे। इस दौरान टॉयलेट में संदिग्ध गतिविधि का संदेह होने पर जांच की गई। तलाशी लेने पर टॉयलेट के ऊपर लगे वायरिंग बॉक्स की प्लाई के भीतर 48 बोतल अंग्रेजी शराब छिपाकर रखी मिली। शराब को इस तरह से छिपाया गया था कि सामान्य जांच में नजर न आए। यात्रियों से पूछताछ, किसी ने नहीं ली जिम्मेदारी कोच में मौजूद यात्रियों से पूछताछ की गई, लेकिन किसी ने भी शराब के बारे में जानकारी होने से इनकार कर दिया। इसके बाद टीटीआई ने वाणिज्यिक नियंत्रक कार्यालय जोधपुर और संबंधित अधिकारियों को सूचना देते हुए आरपीएफ को मौके पर बुलाया। भीलड़ी स्टेशन पर आरपीएफ और जीआरपी ने पहुंचकर शराब जब्त की और आगे की कार्रवाई के लिए भीलड़ी जीआरपी को सौंप दिया। जीआरपी ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच हेड कांस्टेबल भावेश को सौंपी है। त्योहारों के चलते बढ़ाई गई है सख्ती मंडल रेल प्रबंधक अनुराग त्रिपाठी के निर्देशानुसार त्योहारों के मद्देनजर ट्रेनों में विशेष जांच अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। गुजरात सीमा नजदीक होने से बढ़ी तस्करी जालोर जिला गुजरात से सटा हुआ है। रानीवाड़ा स्टेशन से गुजरात के पहले स्टेशन तक का सफर करीब 30 मिनट का है। ऐसे में तस्कर रानीवाड़ा से शराब चढ़ाकर गुजरात के छोटे स्टेशनों पर उतार देते हैं। 23 फरवरी को भी जैसलमेर–साबरमती ट्रेन में रानीवाड़ा के आगे एक बैग से 100 क्वार्टर शराब बरामद की गई थी। इस बार तस्करों ने टॉयलेट के वायर बॉक्स की प्लाई में शराब छिपाने का तरीका अपनाया, लेकिन रेलवे की सतर्कता से योजना नाकाम हो गई।


