झाबुआ जिले के सुप्रसिद्ध देवझिरी तीर्थ स्थल पर महाशिवरात्रि का पर्व हर्षोल्लास और भक्तिमय वातावरण में मनाया गया। इस अवसर पर हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचे और भगवान भोलेनाथ के दर्शन कर धर्म लाभ उठाया। अलसुबह से ही भक्तों का तांता लगना शुरू हो गया था, जो देर शाम तक जारी रहा। श्रद्धा और सेवा के इस संगम में भक्तों के लिए प्रसादी का भी व्यापक प्रबंध किया गया, जिसमें दिन भर 4 क्विंटल ठंडाई, 1 क्विंटल मिठाई और अन्य प्रसादों का वितरण चलता रहा। देवझिरी तीर्थ को लेकर एक पौराणिक मान्यता है। कहा जाता है कि महान संत सिंगाजी महाराज यहां तपस्या करते थे। वे प्रतिदिन 90 किलोमीटर दूर नर्मदा तट पर स्नान के लिए जाते थे। वृद्धावस्था में असमर्थ होने पर उन्होंने मां नर्मदा से अपनी तपोस्थली पर प्रकट होने की प्रार्थना की।
इसके पहले सिद्धेश्वर कॉलोनी स्थित श्री सिद्धेश्वर महादेव मंदिर में चतुर्थ महाशिवरात्रि महोत्सव का आयोजन किया गया। सिद्धेश्वर महादेव मंदिर समिति और शिव-पार्वती विवाह समारोह समिति की ओर से आयोजित इस महोत्सव के तहत शनिवार रात को खाटू श्याम भजन संध्या हुई। इस भजन संध्या में प्रवीण म्यूजिकल ग्रुप अहमद बोला की टीम के साथ राजगढ़ की भजन गायिका हितांशी सोलंकी और झकनावदा के महेंद्र चौहान ने प्रस्तुतियां दीं। कार्यक्रम का शुभारंभ गणेश वंदना से हुआ। “कीर्तन की है रात बाबा आज थाने आनो है” जैसे भजनों पर श्रद्धालु देर रात तक झूमते रहे। कल श्री सिद्धेश्वर महादेव की विशेष महाआरती की जाएगी आयोजन के अंतिम चरण में सोमवार को दोपहर 11 बजे श्री सिद्धेश्वर महादेव की विशेष महाआरती की जाएगी। इसके बाद शाम 5 बजे तक विशाल भंडारे और महाप्रसादी का वितरण होगा। मंदिर समिति ने शहर के सभी धर्मप्रेमी नागरिकों से शिव विवाह के इन मांगलिक प्रसंगों और महाप्रसादी में अधिक से अधिक संख्या में सम्मिलित होकर धर्म लाभ प्राप्त करने का अनुरोध किया है।


