झालावाड़ में राजस्थान रोडवेज के रिटायर्ड कर्मचारियों ने 2 दिवसीय धरना प्रदर्शन किया। यह धरना राजस्थान स्टेट रोडवेज एम्पलाइज यूनियन और आरएसआरटीसी रिटायर्ड एम्पलाइज एसोसिएशन जयपुर के आह्वान पर आयोजित किया गया था।
प्रदर्शन के दूसरे दिन मंगलवार को कर्मचारियों ने अपनी 10 सूत्रीय मांगों को लेकर एक ज्ञापन प्रबंध निदेशक, जयपुर के नाम मुख्य प्रबंधक, झालावाड़ आगार को सौंपा। कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में ईपीएस हायर पेंशन के विकल्प पत्रों का निस्तारण कर वास्तविक वेतन पर पेंशन संशोधन की प्रक्रिया शुरू करना शामिल है। उन्होंने इकाई प्रमुखों की जिम्मेदारी तय करने की मांग की। इसके अलावा जून 2025 से जनवरी 2026 के बीच सेवानिवृत्त हुए कार्मिकों के सेवानिवृत्ति परिलाभों का तत्काल भुगतान करने की मांग भी उठाई गई। राजस्थान सिविल सेवा पेंशन नियम 1996 के संशोधित नियम 54बी के अनुसार, 70 और 75 वर्ष की आयु प्राप्त कर चुके पेंशनभोगियों को क्रमशः 5% और 10% अतिरिक्त भत्ते का भुगतान करने के आदेश पारित करने की भी मांग की गई। रोडवेज पेंशन विनियम 1989 के विनियम-49 के तहत, राज्य सरकार के पेंशन विनियम 1996 और इसमें समय-समय पर किए गए संशोधनों को रोडवेज द्वारा यथावत अंगीकार करने के आदेश जारी करने की भी मांग की गई। कर्मचारियों ने रोडवेज के उच्च प्रबंधन से समय रहते उनकी ज्वलंत मांगों और समस्याओं के समाधान के लिए सकारात्मक कार्रवाई शुरू करने का भी अनुरोध किया। इस धरने की अध्यक्षता झालावाड़ शाखा के कार्यकारी अध्यक्ष अय्यूब खां ने की। इसमें 22 सेवानिवृत्त और सेवारत कर्मचारियों के साथ कई पदाधिकारी शामिल हुए। इनमें प्रदेश सचिव राजकुमार जैन, क्षेत्रीय सचिव छीतरलाल श्रृंगी, शाखा अध्यक्ष लियाकत खां, चतुर्भुज वर्मा, रामावतार नागर, मुकेश राणावत, सूरज प्रसाद, हनुमान प्रसाद, इरशाद अली, हमीद हुसैन, फारुख बेग, हकीम, ईशाक खां, अब्दुल रहीम, अमरलाल, नीरज सिंह, प्रकाश बाथम, अब्दुल वाहिद, प्रहलाद सेन, घनश्याम टेलर और शाहिद मोहम्मद खुर्शीद अली प्रमुख थे।


