पंजाब सरकार द्वारा सुप्रीम कोर्ट के टीईटी संबंधी फैसले को शिक्षकों पर लागू करने के विरोध में राज्य की विभिन्न शिक्षक यूनियनों ने 22 फरवरी को आनंदपुर साहिब में महारोष रैली की घोषणा की है। यह रैली शिक्षा मंत्री के निर्वाचन क्षेत्र में आयोजित की जाएगी। बी.एड. अध्यापक फ्रंट पंजाब के प्रधान प्रगटजीत सिंह किशनपुरा ने जिला मोगा में एक प्रेस नोट जारी कर बताया कि सरकार पुरानी पेंशन बहाली, डीए, ग्रामीण भत्ता और कच्चे शिक्षकों को पक्का करने जैसे मुद्दों को हल करने के बजाय टीईटी के मुद्दे को जबरन थोप रही है। शिक्षकों में इस फैसले को लेकर भारी रोष है। सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिकाएं दायर किशनपुरा ने कहा कि जहां अन्य राज्यों की सरकारें अपने शिक्षकों के हित में सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिकाएं दायर कर रही हैं, वहीं पंजाब सरकार और शिक्षा मंत्री ने इस संबंध में कोई स्पष्ट बयान नहीं दिया है। यह सरकार के शिक्षक विरोधी रुख को दर्शाता है।उन्होंने बताया कि पंजाब की सभी शिक्षक यूनियनें एक साझा मंच पर एकजुट होकर इस फैसले के खिलाफ संघर्ष कर रही हैं। 22 फरवरी को आनंदपुर साहिब में रैली 22 फरवरी को आनंदपुर साहिब में होने वाली रैली के माध्यम से सरकार पर टीईटी का फैसला वापस लेने का दबाव बनाया जाएगा।इस अवसर पर गुरमीत सिंह ढोलेवाल, दविंदर सिंह हराज, प्रदीप सिंह रखड़ा, गुरमेल सिंह रेड़वां, बलदेव सिंह किशनपुरा, दिलबाग सिंह, बेअंत सिंह, अजमेर सिंह, सतनाम सिंह, गुरप्रीत सिंह, कुलदीप कौर, रमणदीप कौर, हर्ष ज्योति और परमिंदर कौर सहित बड़ी संख्या में शिक्षक उपस्थित थे।


