टोंक के मालपुरा नगर पालिका और बिजली निगम के बीच बकाया राशि को लेकर विवाद सुलझ नहीं पाया है। बिजली निगम ने रोड लाइट का 3.53 करोड़ रुपए बकाया बताकर कनेक्शन काट दिया, तो नगर पालिका ने 13 करोड़ रुपए यूडी टैक्स का नोटिस जारी कर दिया। उच्च अधिकारियों की मध्यस्थता से बिजली आपूर्ति बहाल हुई, लेकिन विवाद जारी है। 3.53 करोड़ का बिजली बिल बकाया बिजली निगम के अनुसार नगर पालिका की रोड लाइट का 3 करोड़ 53 लाख 16 हजार 748 रुपए बकाया है। भुगतान नहीं होने पर 7 दिन की मोहलत दी गई थी। जमा नहीं होने पर मंगलवार को कनेक्शन काट दिया गया। 13 करोड़ यूडी टैक्स का नोटिस कनेक्शन कटने से नाराज नगर पालिका ने उसी दिन बिजली निगम को 13 करोड़ रुपए यूडी टैक्स जमा कराने का नोटिस जारी किया। यह नोटिस नगरपालिका मालपुरा अधिकारी रामजीत चौधरी ने दो दिन में जमा कराने का जारी किया। जमा नहीं कराने या समायोजन नहीं पर नगरपालिका की परिसंपत्तियों को सीज करने की चेतावनी दी। एक दिन बाद बहाल हुई सप्लाई दोनों विभागों को आमने सामने देखकर उच्च अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद बुधवार को रोड लाइट की बिजली आपूर्ति फिर शुरू कर दी गई। हालांकि नगर पालिका आयुक्त का कहना है कि बिजली निगम को पूरा टैक्स जमा कराना होगा। 2010 से लंबित यूडी टैक्स नगरपालिका मालपुरा अधिशासी अधिकारी रामजीत चौधरी ने बताया कि 2010 से ही बिजली निगम ने यू डी टैक्स जमा नहीं कराया हैं और न ही समायोजन कराया है। अब बिजली निगम इस राशि को जमा नहीं करता है तो आगे की कार्रवाई की जाएगी। उधर इस मामले को लेकर बिजली निगम के एस ई कन्हैया लाल पटेल ने कहा कि नगर पालिका मालपुरा और नगर परिषद टोंक रोड लाइट का बिजली बिल जमा नहीं करा रही है। मालपुरा नगर पालिका पर तीन करोड़ से ज्यादा और टोंक नगर परिषद पर 21 करोड़ 45 लाख बाकी है। इससे उन्हें आर्थिक संकट से गुजरना पड़ रह है। इसके लिए कलेक्टर को भी पत्र लिखा जा चुका है। दोनों नगर निकायों ने यू डी टैक्स बता रही है, वाजिब होगा तो देंगे।लेकिन हमारा बकाया बिल तो जमा कराए या समायोजन करके हमारी बाकी राशि दे।


