भास्कर न्यूज | जालंधर पंजाब गवर्नमेंट ट्रांसपोर्ट वर्कर्स यूनियन की ओर से बुधवार को पंजाब रोडवेज डिपो जालंधर-2 में रोष रैली आयोजित की गई। यूनियन नेताओं ने पंजाब सरकार और वित्त मंत्री पर कर्मचारियों की मांगों की अनदेखी तथा परिवहन विभाग के निजीकरण को बढ़ावा देने के आरोप लगाए। रैली को संबोधित करते हुए अवतार सिंह तारी ने कहा कि वर्ष 2023 से लंबित 16 प्रतिशत महंगाई भत्ते की पांच किश्तों का अब तक भुगतान नहीं किया गया है, जिससे कर्मचारियों में भारी रोष है। उन्होंने आरोप लगाया कि रोडवेज में किलोमीटर स्कीम के तहत निजी बसों को शामिल किया जा रहा है, जिसका लाभ बड़े निजी ऑपरेटरों को मिलेगा। सरकार सरकारी रूटों पर निजी बसें चलाकर विभाग को कमजोर करने का प्रयास कर रही है। नेताओं ने बताया कि पिछले तीन वर्षों में बेड़े में एक भी नई बस शामिल नहीं की गई। वहीं, मुफ्त सफर योजना के एवज में सरकार से मिलने वाली 500 करोड़ रुपए से अधिक की राशि अभी तक विभाग को नहीं मिली, जिससे वित्तीय स्थिति प्रभावित हो रही है। यूनियन सचिव गुरजीत सिंह ने कहा कि वित्त मंत्री बार-बार बैठक का समय देकर भी मुलाकात नहीं कर रहे। यूनियन ने 24 फरवरी को रोपड़, 28 फरवरी को मुक्तसर और 7 मार्च को कैबिनेट मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर के हलके में रोष रैली करने का ऐलान किया है। नेताओं ने चेतावनी दी कि मांगें पूरी न होने तक संघर्ष जारी रहेगा।


