भवनाथपुर | एनपीयू पलामू की चार सदस्यीय टीम ने भवनाथपुर के झगराखाड़ में डिग्री कॉलेज के नव-निर्मित भवन का स्थल निरीक्षण किया। विश्वविद्यालय की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार कुलपति के निर्देश पर गठित यह समिति निरीक्षण के बाद अपनी विस्तृत रिपोर्ट विश्वविद्यालय प्रशासन को सौंपेगी, जिसके आधार पर भवन के औपचारिक अधिग्रहण पर निर्णय लिया जाएगा।समिति में डीएसडब्ल्यू को अध्यक्ष बनाया गया है, जबकि गवर्नमेंट इंजीनियरिंग कॉलेज, पलामू के सिविल इंजीनियरिंग विभागाध्यक्ष (या उनके प्रतिनिधि) तथाजे एसबीसीसीएल गढ़वा के कार्यपालक अभियंता को तकनीकी विशेषज्ञ के रूप में शामिल किया गया। वहीं सीसीडीसी को सदस्य सचिव की जिम्मेदारी सौंपी गई है। टीम को निरीक्षण के दौरान भवन की संरचना, गुणवत्ता, सुरक्षा मानकों और उपयोगिता संबंधी सभी तकनीकी पहलुओं की जांच का दायित्व दिया गया था।निरीक्षण दल में चेयरमैन एस. के. पांडे, सदस्य सचिव डॉ मनोरमा सिंह, तकनीकी विशेषज्ञ डॉ सुमित कुमार, सहयोगी सदस्य विजय कुमार ठाकुर, संवेदक प्रदीप राय तथा प्रवीण राय सहित अन्य लोग मौजूद थे। टीम ने भवन के विभिन्न कक्षों, प्रयोगशालाओं, कार्यालय कक्ष, जल निकासी व्यवस्था, विद्युत प्रणाली तथा परिसर की समग्र स्थिति का गहन अवलोकन किया।साथ ही समिति को यथाशीघ्र अपनी जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है ताकि अधिग्रहण प्रक्रिया में अनावश्यक विलंब न हो।स्थानीय सूत्रों के अनुसार डिग्री कॉलेज भवन के टेकओवर को लेकर लंबे समय से चर्चा चल रही थी और शैक्षणिक गतिविधियों के सुचारु संचालन के लिए यह कदम आवश्यक माना जा रहा था। अब समिति के गठन और निरीक्षण के बाद इस प्रक्रिया में तेजी आने की संभावना जताई जा रही है। यदि रिपोर्ट संतोषजनक रही तो शीघ्र ही भवन विश्वविद्यालय के आधिकारिक नियंत्रण में आ सकता है, जिससे क्षेत्र के विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं मिलने की उम्मीद है। भास्कर न्यूज | गढ़वा भारतीय मजदूर संघ के आह्वान पर 25 फरवरी 2026 को गढ़वा जिला सहित पूरे झारखंड राज्य में श्रमिकों की ज्वलंत समस्याओं को लेकर धरना–प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा। इसकी जानकारी देते हुए भामस के जिला मंत्री विश्वनाथ यादव एवं झारखंड प्रदेश एम्बुलेंस एसोसिएशन के राज्य अध्यक्ष नीरज तिवारी ने बताया कि यह कार्यक्रम श्रमिक हितों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर केंद्र एवं राज्य सरकार का ध्यान आकृष्ट करने के उद्देश्य से किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि भामस का 21वां अखिल भारतीय त्रिवार्षिक अधिवेशन 6, 7 और 8 फरवरी 2026 को पुरी स्थित भगवान जगन्नाथ की पावन भूमि पर संपन्न हुआ था। अधिवेशन में देशभर से आए प्रतिनिधियों ने श्रमिकों की समस्याओं पर व्यापक चर्चा की तथा कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किए। इन्हीं प्रस्तावों के आलोक में 25 फरवरी को देशव्यापी आंदोलन का निर्णय लिया गया है, जिसके तहत झारखंड के सभी जिलों में शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक ढंग से धरना–प्रदर्शन होगा। प्रमुख मांगों में श्रम कानूनों को अंत्योदय की भावना से सभी क्षेत्रों में समान रूप से लागू करना, नए लेबर कोड में व्याप्त श्रमिक विरोधी आशंकाओं का समाधान, त्रिपक्षीय तंत्र को सुदृढ़ करना, न्यूनतम पेंशन एवं सामाजिक सुरक्षा राशि में वृद्धि तथा ठेका एवं स्कीम वर्करों को स्थायित्व प्रदान करना शामिल है। इसके अलावा आम भर्ती पर लगी रोक हटाकर युवाओं एवं श्रमिकों को सुरक्षित और सुनिश्चित रोजगार की गारंटी देने की मांग भी की गई है।


