पाली शहर में डिस्पेंसरी से डॉक्टर को हटाने के विरोध में लोगों ने धरना दे दिया। क्षेत्रवासियों ने कहा कि बिना किसी शिकायत के डॉक्टर को हटाया गया, जबकि उनका काम अच्छा था। उन्होंने उसी डॉक्टर को फिर से डिस्पेंसरी में लगाने की मांग की। ज्ञापन भी सौंपा। हालांकि करीब 2 घंटे बाद आश्वासन मिलने पर धरना खत्म कर दिया। मामला पाली शहर के नाडी मोहल्ला स्थित शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का है, जहां मंगलवार सुबह करीब 10 बजे पार्षद प्रतिनिधि मोहसीन खत्री के नेतृत्व में क्षेत्र की महिलाएं और पुरुष डिस्पेंसरी के बाहर धरने पर बैठे गए। उनका कहना था कि डॉ. शाहिन बानो को सितम्बर महीने में यहां लगाया। लेकिन सोमवार को हटा दिया गया। जबकि उनका व्यवहार अच्छा था। आरोप यह है कि बिना क्षेत्रवासियों से फीडबैक लिए उन्हें किसी की शिकायत पर हटाया गया। जो गलत है, उन्होंने फिर से डिस्पेंसरी में डॉक्टर शाहिन बानो को लगाने की मांग की। दो घंटे बैठे धरने पर, ज्ञापन सौंपा
डिस्पेंसरी के बाहर वे करीब दो घंटे तक धरने पर बैठे रहे। बाद में PMO बांगड़ हॉस्पिटल डॉक्टर कैलाश परिहार के आश्वासन के बाद दोपहर करीब 12 बजे धरने से उठे। उसे बाद SDM विमलेन्द्रसिंह राणावत से मिले और उन्हें भी ज्ञापन सौंपा। साथ ही चेतावनी दी कि सोमवार तक डॉक्टर डिस्पेंसरी में नहीं लगाया गया तो वे फिर से प्रदर्शन करेंगे। रोटेशन में लगाते है डिस्पेंसरी में डॉक्टर
बांगड़ हॉस्पिटल के PMO डॉ कैलाश परिहार ने कहा कि नाडी मोहल्ला डिस्पेंसरी में स्थाई डॉक्टर की पोस्ट नहीं है। यहां रोटेशन में डॉक्टरों की ड्यूटी लगाते रहते है। किसी की शिकायत पर डॉक्टर को नहीं हटाया गया है। यह बैठे धरने पर
पार्षद प्रतिनिधि मोहसीन खत्री, पूर्व पार्षद जय जसवानी, इंसाफ अली पूर्व पार्षद, जावेद सिरोहा जिलाध्यक्ष अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ कांग्रेस, आमीन अली पूर्व पार्षद, जावेद गौरी, असगर अली खत्री, बाबू मोयल, पुरुषोत्तम राठी, दीपक मेहता, सन्नी सोनी, इरफान अंसारी, सुबहान संजरी, आसिफ मेवाफरोश, सेफ़ुल खिलजी, नियामत सिपाही सहित बड़ी संख्या में क्षेत्र के लोग मौजूद रहे।


