तिसरी के सीओ को उनके चेंबर में घेरे किसान और महिलाएं। तिसरी (गिरिडीह) | हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद जमीन के कागजातों की नकल नहीं मिलने से नाराज किसानों का तिसरी अंचल कार्यालय परिसर में जारी अनिश्चितकालीन धरना 19 वें दिन सोमवार को हिंसक झड़प में तब्दील हो गया। पुलिस के लाठीचार्ज और धरना दे रहे लोगों के पथराव की वजह से बीडीओ, थाना प्रभारी, हवलदार सहित एक दर्जन अफसर व आम लोग घायल हो गए। किसान जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अवधेश सिंह को छोड़कर बाकी घायलों का इलाज स्थानीय अस्पताल में किया गया। अवधेश सिंह को रांची भेजा गया है। इससे पहले धरना पर बैठे किसानों के साथ पहुंची महिला आंदोलनकारियों ने सीओ अखिलेश प्रसाद के चैंबर में घुस दरवाजा अंदर से बंद कर उन्हें बंधक बना लिया। कहा कि जब तक पंजी टू की सत्यापित नकल नहीं देंगे, तबतक चैंबर से नहीं निकलने देंगे। सूचना मिलने पर बीडीओ पुलिस बल के साथ पहुंचे और सीओ को मुक्त कराया। इस दौरान वहां अफसर और महिला आंदोलनकारियों के बीच में तू-तू, मैं-मैं हो गई। इसके बाद हाथापाई होने लगी। अचानक पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। लाठीचार्ज से भड़के किसानों ने प्रशासन और पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया। पथराव में सीओ, बीडीओ, थानेदार वाहन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया है। धरना दे रहे लोगों में शामिल महिलाएं तीर-धनुष से भी लैस थीं। पुलिस ने करीब एक दर्जन लोगों को हिरासत में लिया है।


