रतलाम के बाजना रोड स्थित पलसोड़ी गांव के जय श्रीराम डैम में डूबे दोनों छात्रों के शव मिल गए हैं। सबसे पहले छात्र ध्रुव (14) का शव मिला। इसके करीब 1 घंटे बाद एसडीईआरएफ की टीम को दूसरे छात्र जय उर्फ आशुतोष (14) का शव भी मिल गया। दोनों छात्र रतलाम शहर के अलग-अलग क्षेत्रों के रहने वाले थे और दोस्तों के साथ पिकनिक मनाने डैम पहुंचे थे। सोमवार को कक्षा 9वीं के 8 छात्र घर से पार्टी में जाने की बात कहकर निकले थे, लेकिन उन्होंने यह नहीं बताया था कि वे कहां जा रहे हैं। सभी छात्र समता शिक्षा निकेतन, सागोद रोड, रतलाम में कक्षा 9वीं में अध्ययनरत हैं। हादसे के बाद से साथ गए छह छात्र सहमे हुए हैं और किसी से ठीक से बात करने की स्थिति में नहीं हैं। परिजन भी ज्यादा पूछताछ नहीं कर पा रहे हैं। दोपहर में मिली थी डूबने की सूचना मृतक ध्रुव के दादाजी महेश कुमार बलसोरे ने बताया कि वे और उनके बेटे अमृत सागर तालाब किनारे मोटर बाइंडिंग की दुकान पर थे। दोपहर करीब 2.15 बजे घर पहुंचने पर पता चला कि पोता दोस्तों के साथ पार्टी में गया है। कुछ देर बाद साथी छात्र लक्ष्यराज राठौर की मां का फोन ध्रुव की मां के मोबाइल पर आया और बताया कि बच्चे डैम में डूब गए हैं। इसके बाद परिजन शुभम पाटीदार के घर पहुंचे, जहां से जानकारी मिली कि वह भी साथ गया था। सभी सीधे घटनास्थल पहुंचे, जहां ग्रामीणों की भीड़ लगी हुई थी। डैम पर किसी प्रकार की सुरक्षा व्यवस्था या बचाव उपकरण मौजूद नहीं थे। लक्ष्यराज ने रोते हुए बताई पूरी बात लक्ष्यराज राठौर ने घर पहुंचकर रोते हुए बताया कि जिन बच्चों को तैरना आता था वे पानी में उतरे थे। ध्रुव की मां दीपिका के अनुसार बेटे ने जामण पाटली पिकनिक स्पॉट जाने की बात कही थी। लक्ष्यराज ने बताया कि राघव और अर्पित का पैर फिसलने पर उसने उन्हें बचा लिया, लेकिन ध्रुव और आशुतोष गहरे पानी में चले गए। लक्ष्यराज के पिता का ढाई साल पहले जहरीले जीव के काटने से निधन हो चुका है। उसकी मां ने बताया कि बेटे ने केवल पार्टी में जाने की बात कही थी, स्थान नहीं बताया। दोपहर करीब 3.30 बजे वह घर लौटा और घटना की जानकारी दी। घटनास्थल पर अधजला चूल्हा और मैगी डैम किनारे पत्थर जमाकर बनाया गया चूल्हा मिला। उसमें बनी हुई मैगी डली थी। पास में नाश्ते की प्लेट, प्याज और नमक की थैली भी मिली। हालांकि मैगी किस बर्तन में बनाई गई, यह स्पष्ट नहीं हो पाया क्योंकि मौके पर कोई बर्तन नहीं मिला। आसपास लकड़ियों का ढेर रखा था। रस्सी और लोहे के आंकड़े डालकर तलाशी मंगलवार सुबह दोबारा रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। रस्सी और लोहे के कांटे डालकर पानी में तलाश की गई। इसी दौरान ध्रुव का शव बरामद कर लिया गया। शव मिलते ही मौके पर मौजूद परिजन में चीख-पुकार मच गई। पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई कर शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया। इसके बाद दूसरे छात्र आशुतोष का शव भी मिल गया। परिजनों में विवाद, पुलिस ने संभाला मोर्चा घटना की जानकारी मिलते ही सभी छात्रों के परिजन डैम पर पहुंच गए थे। इसी दौरान एक-दूसरे को साथ ले जाने को लेकर परिजनों में विवाद भी हो गया। स्थिति बिगड़ती देख डीडी नगर थाना प्रभारी ने विवाद करने वालों को थाने ले जाकर मामला शांत कराया। आपदा प्रबंधन के दावों की खुली पोल घटना के दौरान एसडीईआरएफ की टीम मौके पर नहीं पहुंच सकी। होमगार्ड के चार-पांच जवान पहुंचे, लेकिन उनके पास भी पर्याप्त संसाधन नहीं थे। डैम में पहले से मौजूद एक नाव में सवार होकर परिजन ही रस्सी और कांटे डालकर तलाश करते रहे। पुलिसकर्मी किनारे पर घूमते रहे। फायर लॉरी से तीन-चार बार डैम में प्रेशर डाला गया, ताकि पानी ऊपर आए और तलाश में मदद मिले, लेकिन सफलता नहीं मिली। एसडीएम आर्ची हरित सहित अन्य अधिकारी भी पहुंचे, लेकिन स्थानीय लोगों का आरोप है कि कोई ठोस फैसले नहीं लिया गया। बता दें, 24 घंटे के भीतर रतलाम जिले में पानी में डूबने की यह दूसरी घटना है। इससे पहले मलेनी नदी में नाव पलटने से एक युवक लापता हो गया था, जहां एसडीईआरएफ की टीम तैनात थी। जय श्री राम डैम पर टीम को बुलाने में देरी को लेकर लोगों में नाराजगी है। सुरक्षा इंतजामों पर उठे सवाल डैम की रखवाली करने वाले कैलाश निनामा ने बताया कि यह जल संसाधन विभाग के अधीन है। रोज युवक-युवतियां यहां पार्टी करने आते हैं। मना करने पर भी नहीं मानते। रात 8 बजे तक लोग बैठे रहते हैं। ग्रामीण गोपाल गुर्जर का कहना है कि डैम पर न कोई चेतावनी बोर्ड है और न ही सुरक्षा के साधन। पहले भी 6-7 मौतें हो चुकी हैं, लेकिन प्रशासन ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया। यह आदिवासी क्षेत्र है, जहां बच्चे अक्सर नहाने आते हैं और उन्हें रोकने वाला कोई नहीं है। ये खबर भी पढ़ें… डैम में डूबे 2 छात्र, अंधेरा होने से रेस्क्यू रुका रतलाम के बाजना रोड स्थित पलसोड़ी ग्राम पंचायत के श्रीराम डैम में सोमवार शाम पिकनिक के दौरान डूबे दो स्कूली छात्रों के मामले में मंगलवार सुबह फिर से सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। सोमवार को अंधेरा बढ़ने के कारण रेस्क्यू अभियान रोक दिया गया था। पढ़े पूरी खबर


