बालाघाट के परसवाड़ा में 3 फरवरी को हुई 60 साल के कैलाश गिरी गोस्वामी की हत्या का राज खुल गया है। पुलिस ने इस मामले में मृतक के दामाद अशोक गिरी और उसके साढू रूस्तम गिरी को गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ में पता चला कि दामाद अशोक अपने ससुर से पुरानी रंजिश रखता था। वह ससुर के रोज-रोज के तानों से भी तंग आ चुका था। बदला लेने के लिए उसने साढू रूस्तम के साथ मिलकर साजिश रची। दोनों ससुर को शराब पिलाने के बहाने मोटरसाइकिल पर अरंडिया के जंगल में ले गए। वहां सुनसान जगह देख पहले उनके सिर पर डंडे से हमला किया और फिर गला दबाकर जान ले ली। पहचान छुपाने के लिए उन्होंने शव को घसीटकर जंगल के अंदर फेंक दिया था। सबूतों के साथ पकड़े गए आरोपी पुलिस ने डोंगरिया के रहने वाले अशोक और छिंदवाड़ा के रूस्तम को गिरफ्तार कर लिया है। उनके पास से वारदात में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल, मोबाइल, डंडा और ससुर के जलाए हुए झोले की राख बरामद हुई है। पुलिस टीम को मिली कामयाबी एडीएसपी आदर्शकांत शुक्ला के मुताबिक, इस कत्ल को सुलझाने में परसवाड़ा और चांगोटोला पुलिस के साथ सायबर सेल की टीम ने अहम भूमिका निभाई। आरोपियों को मंगलवार को कोर्ट में पेश किया गया। जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।


