भास्कर न्यूज | गुमला जिले के प्रसिद्ध साहित्यकार अजय किशोरनाथ पांडेय को दिल्ली में परिवर्तन योगेश सनातन संस्कार प्रतीक संस्था राष्ट्रीय अन्तर्राष्ट्रीय संघटक एवं चयन समिति अध्यक्ष बिक्रमशिला हिन्दी विद्यापीठ भागलपुर के तत्वावधान में आयोजित सम्मान समारोह में सम्मानित किया गया। अजय किशोरनाथ पांडेय को विद्या वाचस्पति मानद सम्मान से नवाजा गया। डॉक्टरेट मांनद इस सम्मान से नवाजे जाने के बाद अजय किशोरनाथ पांडेय ने जिले व राज्य को राष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्तिव किये है।सम्मान पाकर लौटने के बाद अजय किशोर नाथ पांडेय को बधाई देने वालो का तांता लग गया है। लोग उनके घर पर पहुंच कर बधाई दे रहे है। अजय किशोर ने बताया कि झारखंड लेखक साहित्यकार के रूप में हिन्दी भाषा के क्षेत्र में योगदान एवं राष्ट्र संस्कृति व समाज समर्पित सेवा एवं राष्ट्रीय प्रतिष्ठा को देखते हुए उन्हें दिल्ली में आयोजित सम्मान समारोह में सम्मानित किया गया।इस कार्यक्रम में विभिन्न राज्यों से कलमकारों, साहित्यकारों, चिकित्सकों, ज्योतिषाचार्यों के साथ सांस्कृतिक, सामाजिक सुधार साधक को उनकी विभिन्न कृत्यों, लोकहित में साहित्य सृजन एवं कला की निपुनता तथा बहुत सारे संस्थाओं से प्राप्त अवार्ड आदि के समीक्षा उपरांत, अकादमिक परिषद की अनुशंसा पर उन्हें यह सम्मान मिला। बिक्रमशिला हिन्दी विद्यापीठ, काशी हिन्दी विद्यापीठ के कुलपति के द्वारा विद्या वाचस्पति मानद सम्मान(डॉक्टरेट समतुल्य) का डिग्री प्रमाण पत्र एवं डॉक्ट्रेट का मोमेंटो देकर उन्हें सम्मानित किया गया। गुमला | शहर के शांति नगर में 11 हजार बिजली प्रवाहित तार हादसों को निमंत्रण दे रहा है। यह तार बांस के सहारे लटका हुआ है। इससे स्थानीय लोगों में नाराजगी है। लोगों का कहना है कि शहर के बीच में मुहल्ला स्थित है। लेकिन यहां सुविधाएं नहीं पहुंची है। बांस के सहारे बिजली की आपूर्ति की गई है। बांस भी सड़क के बीच में है। जिससे वाहनों के आने जाने पर हादसे का भय बना रहता है। चूंकि यदि बड़ी गाड़ी से बांस टकरा गई, तो गिर जाएगी और फिर बिजली प्रवाहित तार से जान माल का नुकसान हो सकता है। पूर्व में बिजली विभाग ने आवाज उठाने पर आश्वासन दिया था। लेकिन अधिकारी बदलने के साथ ही विभाग अपना वादा भूल गया। लोगों ने अविलंब सिमेंट या लोहे के पोल के सहारे बिजली सप्लाई सुनिश्चित करने की मांग की है।


