जयपुर डेयरी की ‘सरस मायरा योजना’ अब केवल राज्य तक सीमित नहीं रही, बल्कि देशभर के दुग्ध उत्पादकों के लिए अनुकरणीय पहल बनती जा रही है। जयपुर सरस डेयरी के सफल क्रियान्वयन के बाद मध्यप्रदेश की भोपाल स्थित सांची डेयरी ने भी दुग्ध उत्पादकों के लिए मायरा योजना लागू की है। केंद्र सरकार स्तर पर भी योजना को लेकर सकारात्मक रुख देखने को मिल रहा है। जयपुर डेयरी 10 माह में योजना के तहत जयपुर और दौसा जिले के 504 दुग्ध उत्पादकों की बेटियों का 1 करोड़ 50 लाख रुपए मायरा भरा है। मंगलवार को जयपुर दुग्ध संघ के अध्यक्ष ओमप्रकाश पूनिया और प्रबंध संचालक मनीष फौजदार बिंदायका जोन की दुग्ध समिति लोछब की ढाणी की दुग्ध उत्पादक चंदादेवी की पुत्री कल्पना लोछब का सरस मायरा भरा और 21 हजार रुपए राशि का चेक सौंपा। साथ ही उत्पादक परिवार की माता और पुत्री को वस्त्र भेंट कर कन्यादान की परंपरा निभाई गई। इस मौके पर आसपास की दुग्ध समितियों के सचिव, समिति पदाधिकारी, दुग्ध उत्पादक एवं संघ के अधिकारियों ने भी मायरा राशि भेंट की।


