छत्तीसगढ़ के दुर्ग में पुलिस ने अफीम की खेती करते हुए भाजपा नेता विनायक ताम्रकर सहित 3 लोगों को गिरफ्तार किया है। ग्राम समोदा और झेनझरी के बीच स्थित फार्महाउस से करीब 5 एकड़ 62 डिसमिल क्षेत्र में लगे अफीम के पौधे जब्त किए गए हैं। खेत से करीब 14 लाख 30 हजार पौधे बरामद किए गए हैं। जब्त पौधे की कीमत करीब 7.88 करोड़ रुपए आंकी गई है। पुलिस भू-स्वामी मुधमति बाला और प्रीति बाला से भी पूछताछ करेगी। जांच में सामने आया है कि राजस्थान के मजदूर ही काम संभाल रहे थे। इसके अलावा आरोपियों ने सुरक्षा के लिए बाउंसर भी तैनात किए गए थे। फार्महाउस के चारों ओर गेट लगाए गए थे, जिससे आम लोगों का अंदर जाना लगभग असंभव था। डिजिटल सर्वे में फार्महाउस में गेहूं और मक्का की खेती दर्ज दिखाई गई थी। उसी की आड़ में अफीम उगाई जा रही थी।मामला जेवरा सिरसा पुलिस चौकी क्षेत्र का है। अफीम की खेती की तस्वीरें देखिए…
पढ़िए सिलसिलेवार अवैध कारोबार की पूरी कहानी शनिवार को कलेक्टर अभिजीत सिंह ने मामले का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि पुलिस ने इस मामले में भाजपा नेता विनायक ताम्रकार, उसके सहयोगी विकास बिश्नोई और फार्महाउस के मुंशी मनीष ठाकुर को गिरफ्तार किया है। दो आरोपी आंचला राम और श्रवण बिश्नोई फरार हैं। उनकी तलाश में पुलिस टीम राजस्थान भेजी गई है। अन्य लोगों की संलिप्तता की भी जांच चल रही है। शनिवार शाम आरोपियों की गिरफ्तारी से पहले न्यायिक मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में पुलिस के जवान खेत पहुंचे। वहां लगे अफीम के पौधों को उखाड़कर जब्त किया गया। जांच में करीब 5 एकड़ 62 डिसमिल क्षेत्र में अफीम की खेती मिली है। अब जब्त पौधों को नष्ट करने की तैयारी की जा रही है। 2 महिला के नाम खेत, दोनों से होगी पूछताछ कलेक्टर ने बताया कि जमीन का रिकॉर्ड मुधमति बाला और प्रीति बाला के नाम दर्ज है। मामले में दोनों महिलाओं की भूमिका की भी जांच होगी। पुलिस उनसे पूछताछ करेगी। संलिप्तता मिलने पर उन्हें भी आरोपी बनाया जा सकता है। राजस्थान के मजदूर कर रहे थे खेती का काम प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी पिछले कुछ सालों से अफीम की खेती कर रहा था। इसके लिए राजस्थान के जयपुर क्षेत्र से मजदूर बुलाए गए थे। विकास बिश्नोई और उसका भाई श्रवण बिश्नोई पहले यहां कपास की खेती करने आए थे। बाद में अफीम की खेती शुरू की गई। पूछताछ में विकास ने बताया कि वह पिछले चार साल से विनायक ताम्रकार के संरक्षण में यह काम कर रहा था। फार्महाउस में मजदूरों के लिए पक्की व्यवस्था भाजपा नेता विनायक ताम्रकार ने फार्महाउस में मजदूरों के रहने के लिए मकान और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई गई थीं। सुरक्षा के लिए बाउंसर भी तैनात किए गए थे। फार्महाउस के चारों ओर गेट लगाए गए थे, जिससे आम लोगों का अंदर जाना लगभग असंभव था। यही कारण रहा कि गांव के लोगों को लंबे समय तक इस खेती की जानकारी नहीं मिल सकी। शनिवार को पुलिस और प्रशासन की टीम कार्रवाई के लिए पहुंची तो बड़ी संख्या में ग्रामीण भी मौके पर जमा हो गए। कुछ लोगों ने फार्महाउस के अंदर जाने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस और ग्रामीणों के बीच हल्की धक्का-मुक्की भी हुई। डिजिटल सर्वे में गेहूं-मक्का की खेती दिखाई गई पुलिस के अनुसार, डिजिटल सर्वे में फार्महाउस में गेहूं और मक्का की खेती दर्ज दिखाई गई थी। उसी की आड़ में अफीम उगाई जा रही थी। अधिकारियों के मुताबिक करीब 10 हजार स्क्वायर फीट क्षेत्र से लगभग 21 किलो अफीम तैयार हो सकती है। ब्लैक मार्केट में एक किलो अफीम की कीमत करीब 1 से 2 लाख रुपए तक होती है, जबकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत लगभग 5 लाख रुपए प्रति किलो बताई जाती है। विधानसभा में उठेगा मामला इस मामले को लेकर राजनीति भी तेज हो गई है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि अफीम की खेती का मुद्दा विधानसभा में उठाया जाएगा। उन्होंने कहा कि आरोपियों के नेटवर्क में शामिल सभी लोगों की जांच होनी चाहिए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। फरार आरोपियों की तलाश जारी है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस खेती के पीछे और कौन-कौन लोग जुड़े हुए थे। ………………………… इससे संबंधित यह खबर भी पढ़िए… 8 करोड़ का अफीम उगाने वाले BJP नेता गिरफ्तार: पार्टी ने सस्पेंड किया, भूपेश बघेल बोले- कौन मंत्री विधायक शामिल सरकार बताए दुर्ग जिले के समोदा गांव में अफीम की खेती करने वाले भाजपा नेता विनायक ताम्रकर समेत 3 आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। विनायक ताम्रकर ने अपने खेत में 5 एकड़ में अफीम की खेती की थी। जिसकी कीमत करीब 7.88 करोड़ है। पुलिस ने पूरा अफीम जब्त कर लिया है। पढ़ें पूरी खबर…


