देवास के औद्योगिक क्षेत्र पुलिस ने गंगानगर में हुई नकबजनी का खुलासा करते हुए सात महिला आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके पास से चोरी किया गया करीब 60 हजार रुपये का सामान भी बरामद किया है। यह कार्रवाई ‘ऑपरेशन त्रिनेत्रम’ के तहत की गई। फरियादी अरुण पांडे, निवासी कालानीबाग देवास, ने 17 फरवरी 2026 को औद्योगिक क्षेत्र थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि गंगानगर स्थित उनके स्क्रैप गोदाम की दीवार तोड़कर अज्ञात बदमाशों ने चोरी की वारदात को अंजाम दिया। चोरों ने गोदाम से कमानी के पत्ते, क्लच प्लेट, पिस्टन, लोहे की रॉड, एसी ब्लोवर, तीन बैटरी और पानी की मोटर सहित भारी मात्रा में सामान चुरा लिया था। फरियादी की रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 142/2026 धारा 305(A) एवं 331(4) के अंतर्गत मामला पंजीबद्ध किया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोद ने नकबजनी के आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे। गठित टीम ने ‘ऑपरेशन त्रिनेत्रम’ के तहत घटनास्थल के आसपास लगे 50 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की गहनता से जांच की। फुटेज के विश्लेषण के दौरान कुछ संदिग्ध महिलाएं क्षेत्र में घूमती हुई दिखाई दीं। पुलिस टीम ने तत्काल घेराबंदी कर इन महिला आरोपियों को पकड़ लिया। पूछताछ में महिला आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे कचरा बीनने के बहाने कॉलोनियों और औद्योगिक क्षेत्रों की रेकी करती थीं। मौका मिलते ही वे एक संगठित गिरोह के रूप में चोरी की वारदातों को अंजाम देती थीं। पुलिस ने इन महिला आरोपियों से चोरी किया गया करीब 60 हजार रुपए का पूरा सामान जब्त कर लिया है। औद्योगिक थाना प्रभारी शशिकांत चौरसिया ने बताया कि पुलिस द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान ऑपरेशन ‘त्रिनेत्रम’ के तहत क्षेत्र में लगाए गए सीसीटीवी कैमरों की मदद से चोरी की घटनाओं का खुलासा हुआ। जांच के दौरान सामने आया कि आरोपी महिलाएं औद्योगिक क्षेत्र और आसपास के इलाकों में कीमती सामान चोरी कर उसे स्क्रैप कारोबारियों को बेच देती थीं।


