जिला अस्पताल दौसा और लालसोट में अब दिव्यांग प्रमाण पत्रों के लंबित मामलों का जल्द निस्तारण किया जाएगा। इसके लिए कलेक्टर देवेंद्र कुमार के निर्देश पर दोनों अस्पतालों में एक-एक अतिरिक्त बोर्ड का गठन किया गया है। पीएमओ डॉ. आरके मीणा ने जिला अस्पताल में एक अतिरिक्त मेडिकल बोर्ड गठित कर विशेष कैंप आयोजित करने के आदेश जारी किए हैं। आदेश के अनुसार दिव्यांगता निर्धारण और प्रमाण पत्र जारी करने की प्रक्रिया को गति देने के लिए अस्पताल में प्रत्येक शनिवार (महीने के दूसरे शनिवार के अवकाश को छोड़कर) विशेष कैंप लगाए जाएंगे। 3 विशेषज्ञों को मिली जिम्मेदारी इसके साथ ही कैंप के सुचारू संचालन के लिए तीन विषय विशेषज्ञों को जिम्मेदारी सौंपी है। अस्थि रोग के लिए सहायक आचार्य डॉ. सैयद साहिल अली, नाक, कान और गला (ईएनटी) जांच के लिए सहायक आचार्य डॉ. संजय शर्मा एवं मानसिक स्वास्थ्य जांच के लिए सह आचार्य, मनोरोग डॉ. प्रियंका भारद्वाज को नियुक्त किया गया है। उन्होंने बताया कि जिला अस्पताल दौसा में पहले से ही मंगलवार और गुरुवार को यूडीआईडी बोर्ड के विशेष कैंप आयोजित किए जा रहे हैं। इस एक अतिरिक्त बोर्ड के गठन से दिव्यांग प्रमाण पत्र शीघ्र बन सकेंगे। लालसोट में प्रत्येक शुक्रवार को विशेष कैंप इसी प्रकार लालसोट क्षेत्र के दिव्यांगजनों की सुविधा के लिए विशेष यूडीआईडी बोर्ड का गठन किया गया है। सीएमएचओ डॉ. सीताराम मीना ने बताया कि नए यूडीआईडी पोर्टल पर लंबित प्रकरणों के जल्द निस्तारण के लिए बुधवार को लगने वाले कैंप के अलावा अब प्रत्येक शुक्रवार को भी विशेष कैंप लगाया जाएगा। इस बोर्ड में जिला अस्पताल लालसोट के नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. केके यादव, उप जिला अस्पताल रामगढ़ पचवारा के हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. अनिल नारोलिया एवं उप जिला अस्पताल मण्डावरी के ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. दिनेश बड़ीवाल सेवाएं देंगे। कलेक्टर के निर्देश पर बढ़ाई सुविधा गौरतलब है कि कलेक्टर ने दिव्यांग प्रमाण पत्रों की बढ़ती पेंडेंसी को गंभीरता से लेते हुए मेडिकल बोर्ड के विस्तार और अतिरिक्त कैंप लगाने के निर्देश दिए थे। इस पहल से जिले के दिव्यांगजनों को प्रमाण पत्र के लिए अनावश्यक चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे और दिव्यांग आवेदकों को राहत मिलेगी।


