छत्तीसगढ़ के धमतरी में कांग्रेस पार्षदों और कार्यकर्ताओं ने नगर निगम का घेराव किया। राजीव भवन से निकली रैली नगर निगम तक पहुंची। प्रदर्शनकारियों ने निगम और महापौर के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। निगम में प्रवेश की कोशिश के दौरान भारी पुलिस बल तैनात मिला। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने निगम के बाहर ही प्रदर्शन किया और आयुक्त को 6 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कई कार्यों में अनियमितता और गुणवत्ताहीन निर्माण का आरोप लगाया गया। झुग्गी-झोपड़ी वासियों को पट्टा देने की मांग भी की गई। नेता प्रतिपक्ष दीपक सोनकर ने शहर के मुख्य नाले के निर्माण में बड़ी अनियमितता का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि निगम द्वारा खरीदी गई ई-रिक्शा डंप रूम में पड़ी हैं। महतारी वंदन योजना में भी गड़बड़ी का आरोप लगाया गया। सोनकर ने कहा कि महिलाओं को योजना का पूरा लाभ नहीं मिल रहा है। नवविवाहित महिलाओं के लिए पोर्टल को पुनः चालू करने की मांग की गई। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 को भी सिर्फ दिखावा बताया। महतारी वंदन योजना और प्रधानमंत्री आवास योजना पर भी उठे सवाल नेता प्रतिपक्ष ने छत्तीसगढ़ शासन की महतारी वंदन योजना को दम तोड़ती योजना करार दिया। उन्होंने कहा कि पात्र महिलाओं को योजना का लाभ नहीं मिल रहा और कई विवाहित महिलाओं को पोर्टल में नाम जुड़वाने में समस्या आ रही है। उन्होंने योजना के प्रभावी क्रियान्वयन की मांग की। प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 पर टिप्पणी करते हुए सोनकर ने कहा कि इसे केवल दिखावा बनाया गया है। झुग्गी-झोपड़ी में रहने वाले जरूरतमंदों को अब तक पट्टा और आवास का लाभ नहीं मिला है। उन्होंने तत्काल पट्टा वितरण और फॉर्म प्रक्रिया को सरल बनाने की मांग की। प्लेसमेंट कर्मचारियों की छंटनी पर नाराजगी कांग्रेस पार्षदों ने आरोप लगाया कि नगर निगम में कार्यरत 19 प्लेसमेंट कर्मचारियों को बिना कारण हटा दिया गया, जिससे उनके परिवार पर संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने कर्मचारियों की पुनर्नियुक्ति की मांग की। महापौर के कार्यकाल पर भी सवाल कांग्रेस नेताओं ने भाजपा महापौर के कार्यकाल को निशाने पर लेते हुए कहा कि पिछले दो महीनों से शहरवासी परेशान हैं। निगम के अधिकारी और कर्मचारी जनसुविधाओं की अनदेखी कर रहे हैं। वार्डों में काम ठप पड़े हैं और सिर्फ फोटो खिंचवाकर प्रचार करने में ध्यान दिया जा रहा है। कांग्रेस ने मांग की कि धमतरी के विकास के लिए एक सुनियोजित कार्ययोजना बनाई जाए। ज्ञापन सौंपा, कार्रवाई की चेतावनी आख़िर में कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने नगर निगम आयुक्त को ज्ञापन सौंपकर मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन तेज़ करने की चेतावनी दी। इस प्रदर्शन के दौरान नगर निगम गेट पर भारी पुलिस बल तैनात था, जिससे स्थिति नियंत्रित रही।


