धार जिले में समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी के लिए पंजीयन का कार्य शुरू हो गया है। पहले दिन जिले की सात तहसीलों में कुल 74 किसानों ने अपना पंजीयन कराया। हालांकि, शुरुआत धीमी रही और कई केंद्रों पर सन्नाटा पसरा रहा। जिलेभर में कुल 89 पंजीयन केंद्र बनाए गए हैं। पंजीयन की प्रक्रिया 7 मार्च तक जारी रहेगी। पंजीयन की धीमी गति के पीछे मुख्य कारण गिरदावरी का ऑनलाइन न होना बताया जा रहा है। कई किसानों की फसल गिरदावरी ऑनलाइन ऐप पर दर्ज नहीं हो पाई है। पटवारी और सहायक द्वारा किसानों की बोवनी, रकबा और फसल की जानकारी ऑनलाइन दर्ज करने के बाद ही पंजीयन संभव हो पाता है। इसके अलावा, जानकारों का कहना है कि किसानों तक पंजीयन शुरू होने की जानकारी भी समय पर नहीं पहुंच पाई है। इस बार बंपर पैदावार की उम्मीद जिले में इस वर्ष गेहूं की बड़े पैमाने पर बोवनी हुई है। अधिकांश खेतों में फसल की बढ़वार अच्छी है और कई स्थानों पर बालियां भी आ चुकी हैं। अनुकूल मौसम के कारण गेहूं और चने की फसलों की स्थिति संतोषजनक है। कृषि विशेषज्ञों का अनुमान है कि इस बार जिले में गेहूं और चने की पैदावार पिछले वर्षों की तुलना में बेहतर हो सकती है। ऑनलाइन भी करा सकते हैं रजिस्ट्रेशन अच्छी उपज की उम्मीद के चलते किसान समर्थन मूल्य पर गेहूं बेचने के लिए पंजीयन में रुचि दिखा रहे हैं। किसान नजदीकी पंजीयन केंद्र पर जाकर या ऑनलाइन माध्यम से अपना पंजीयन करा सकते हैं, ताकि समर्थन मूल्य पर फसल बेचने का लाभ उन्हें मिल सके।


